कंगाली से जूझ रहे नगर निगम के पास अब पानी सप्लाई करने वाले टैंकरवालों को देने के लिए भी पैसे नहीं हैं। ऐसे में कई टैंकर संचालकों ने पानी सप्लाई करने के लिए हाथ खड़े कर दिए हैं। ऐसे में सवाल यह उठता है कि शहरवासियों को पानी कैसे मिलेगा।
उधर सरकार निगम अफसरों को टैंकर के जरिए पानी उपलब्ध कराने को आदेश दे चुकी है। जेई से लेकर मुख्य अभियंता तक पानी सप्लाई के लिए जूझ रहे हैं। माना जा रहा है कि टैंकरवालों का निगम पर करीब एक करोड़ रुपये बकाया है। ज्ञात हो कि एनआईटी क्षेत्र में पानी का संकट विकराल हो गया है।
एनएच-1, 2, पर्वतीय कॉलोनी, जवाहर कॉलोनी, डबुआ कॉलोनी, सैनिक कॉलोनी, अरावली विहार, राहुल कॉलोनी समेत अन्य कई कॉलोनियों में पानी के लिए हाहाकार मचा हुआ है। पानी संकट को देखते हुए पिछले दिनों राज्य सरकार ने टैंकर के जरिए ऑन डिमांड पानी पहुंचाने का आदेश दिया था।
नगर निगम ने अपने 16 टैंकर और 45 से अधिक टैंकर किराए पर लेकर पानी पहुंचाना शुरू किया, लेकिन टैंकर संचालकों को बिल का भुगतान न होने के कारण कइयों ने पानी पहुंचाना बंद कर दिया है। निगम के मुख्य अभियंता ओपी गोयल का कहना है कि निगम के पास पैसे ही नहीं हैं, कहां से पेमेंट किया जाए।
इस बाबत मंगलवार देर शाम मुख्य अभियंता ने सभी जेई, एसडीओ और एक्सईएन के साथ बैठक कर पानी सप्लाई के बारे में समीक्षा बैठक की, जिसमें सभी ने पैसे की मांग रखी। इस पर मुख्य अभियंता ने हाथ खड़े कर लिए।