बीके से नीलम चौक तक बनेगा पक्का नाला, मुजेसर फाटक तक होगी सफाई व मरम्मत
मास्टर ड्रेनेज स्कीम के तहत 3.10 करोड़ की लागत से होगा नाले का पुनर्निमाण
मोहित शुक्ला
फरीदाबाद। बारिश में होने वाले जलभराव की पुरानी समस्या से जूझ रहे शहर के लोगों को अब राहत मिलेगी। फरीदाबाद महानगर विकास प्राधिकरण (एफएमडीए) की ओर से मास्टर ड्रेनेज योजना के तहत बीके चौक से मुजेसर फाटक तक नाले की सफाई और पुनर्निमाण कार्य को मंजूरी दे दी गई है। इस योजना के तहत बीके चौक से नीलम चौक तक नवनिर्माण होगा व इससे आगे के भाग में सफाई व मरम्मत का काम किया जाएगा। इस कार्य में करीब 3.10 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
छह माह में पूरा होगा काम
एफएमडीए अधिकारियों के मुताबिक, नाले की सफाई और निर्माण कार्य की कागजी प्रक्रिया पूरी कर ली गई है और जल्दी ही कार्य शुरू कर दिया जाएगा। परियोजना की कुल समय सीमा लगभग 6 महीने तय की गई है। पहले पूरे नाले की सफाई की जाएगी। इसके बाद बचे हुए चार माह में नाले का पुन: निर्माण कार्य किया जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि मानसून को देखते हुए पहले सफाई का काम करवाया जाएगा। मानसून के बाद निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
सबसे प्रभावित क्षेत्रों में गिना जाता है इलाका
बीके चौक से लेकर मुजेसर फाटक तक का क्षेत्र शहर के सबसे अधिक जलभराव प्रभावित क्षेत्रों में गिना जाता है। बरसात के दिनों में यहां नालियां ओवरफ्लो हो जाती हैं और पानी सड़कों पर भर जाता है। इससे यातायात बाधित होता है और स्थानीय दुकानदारों एवं निवासियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
तीन चरणों में होगा काम
-योजना के तहत सबसे पहले पुराने और जर्जर हो चुके नाले की पूरी सफाई की जाएगी।
-सफाई के बाद कई जगहों पर नया निर्माण भी होगा, जहां नाला पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुका है।
-अंत में जल निकासी की गति और दिशा को बेहतर बनाने के लिए तकनीकी बदलाव भी किए जाएंगे।
व्यापारियों को हर साल होता है लाखों का नुकसान
फरीदाबाद का बीके चौक से मुजेसर फाटक तक का इलाका एक प्रमुख वाणिज्यिक और आवासीय क्षेत्र है। हर साल बारिश के दौरान यहां कई दिनों तक जलभराव की स्थिति रहती है, जिससे न सिर्फ लोगों की दिनचर्या बाधित होती है, बल्कि स्थानीय व्यापारियों को भी लाखों का नुकसान उठाना पड़ता है। यह काम होने के बाद लोगों को सुविधा हो जाएगी, वहीं व्यापारियों को होने वाले नुकसान पर भी कुछ हद तक रोक लग पाएगी।
जलभराव न होने पर सड़कों की स्थिति होगी बेहतर
स्थानीय लोगों का कहना है कि मानसून के दौरान यहां पर अक्सर जलभराव की समस्या बनी रहती है। सड़कों पर कई दिनों तक पानी भरा रहता है, इसके कारण सड़क पर जगह-जगह गड्ढे बन गए हैं। अगर जलभराव की समस्या नहीं होगी तो आने वाले दिनों में सड़कों की स्थिति भी काफी अच्छी बनी रहेगी।
जाम की समस्या से मिलेगी निजात
बारिश के दिनों में जलभराव के कारण यहां पर वाहनों की रफ्तार कम हो जाती है। मुख्य सड़क होने के कारण सुबह व शाम के समय यहां वाहनों का दबाव काफी अधिक होता है। इस कारण पीक ऑवर में यहां जाम की समस्या भी बनी रहती है। वहीं जलभराव के कारण सड़क हादसों का डर भी बना रहता है। लोगों का कहना है कि यह काम होने के बाद जलभराव के साथ जाम व सड़क हादसों पर रोक लग पाएगी।
पहले नाले की सफाई की जाएगी। इसके बाद निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। लोगों को किसी तरह की परेशानी नहीं होने दी जाएगी।
- अंकित भारद्वाज, एक्जीक्यूटिव इंजीनियर, एफएमडीए