फरीदाबाद। इस शैक्षणिक सत्र में कॉलेज के छात्र वर्ष 2018-19 की ही फीस पर दाखिला ले सकेंगे। कोविड-19 महामारी को देखते हुए यह आदेश जारी किए गए हैं। आर्थिक तंगी विद्यार्थियों की पढ़ाई के आढ़े न आए, इसके लिए दाखिला शुल्क में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई।
बीते वर्ष भी बढ़ी हुई फीस छात्रसंघ के संघर्ष के बाद वापस ली गई थी। इस बार निदेशालय ने किसी भी आलोचना को सिरे से दरकिनार कर दिया है। दाखिला प्रक्रिया को केंद्रीकृत कर दिया गया है। दाखिला प्रक्रिया को लेकर मुख्यालय में कमेटी गठित की जा चुकी है। जिम्मेदारियों के लिए नोडल अधिकारियों की नियुक्ति कर दी गई है। ये कमेटी प्रदेशभर के सरकारी, निजी और स्ववित्तपोषित संस्थानों में दाखिले की प्रक्रिया पूरी करेगी। दाखिले के साथ ही सदस्यों को आवेदन प्रक्रिया, वेरिफिकेशन, मेरिट सूची, आईटी, फीस, हेल्पलाइन सेंटर संबंधित जिम्मेदारी भी दे दी गई है। खेड़ी गुजरान स्थित राजकीय कॉलेज की प्राचार्या अमिता सूद ने बताया कि दाखिले में फीस की दर दो वर्ष पुरानी ही रखी गई है। आर्थिक राहत के साथ इस वर्ष के दाखिले किए जाएंगे।