फरीदाबाद। दो घंटे की मूसलाधार बरसात ने शहर की सड़कों को तालाब में तब्दील कर दिया। आलम यह रहा कि वाहन तो क्या लोगों का पैदल चलना भी दूभर हो गया। दिल्ली-आगरा हाईवे पर भी कई स्थान पर हुए जलभराव से ट्रैफिक जाम की स्थिति बन गई। जलभराव के कारण कुछ स्थानों पर गाड़ियां भी खराब हो गईं। सबसे ज्यादा खराब हालत अजरौंदा चौक और डबुआ कॉलोनी में देखने को मिली। यहां भी सड़क पानी से लबालब रही। यातायात सुचारू करने के लिए ट्रैफिक पुलिस के जवानों को घुटनों तक पानी में उतरकर मोर्चा संभालना पड़ा।
कृषि विभाग के उपनिदेशक डॉ. अनिल कुमार के अनुसार फरीदाबाद में कुल 30 एमएम बरसात हुई। बल्लभगढ़ में 10 और छायंसा में 15 एमएम बारिश रिकॉर्ड की गई। सुबह से ही आसमान में बादल छाए हुए थे। करीब आठ बजे बूंदाबांदी के साथ बारिश शुरू हुई और कुछ ही देर हुई झमाझम बरसात ने सड़कों को तालाब में बदल दिया। इससे जहां सुबह दफ्तर जाने वाले लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा, वहीं दोपहर तक हालात नहीं सुधरे और सड़कों पर जगह-जगह पानी भरने से स्कूलों बच्चों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
नगर निगम के दावों की खुली पोल
मंगलवार को हुई मूसलाधार बरसात ने नगर निगम के दावों की पोल खोलकर रख दी है। रुक-रुक कर करीब दो घंटे हुई बरसात से कई इलाकों में जलभराव की समस्या पैदा हो गई। क्षेत्र में पानी निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने के कारण डबुआ कॉलोनी की मुख्य सड़क पर घुटनों तक पानी भर गया। यहां घरों और दुकानों में चारों ओर पानी-पानी नजर आ रहा था। बरसात के पानी के साथ सीवर की गंदगी भी घरों में घुस गई। इस कारण दुर्गंध से लोगों का बुरा हाल हो गया। यहां सबसे ज्यादा परेशानी स्कूली बच्चों को हुई। छोटे-छोटे बच्चे पानी में गिरते संभलते किसी तरह अपने घरों तक पहुंचे। सड़क पर पानी ज्यादा होने से उनकी ड्रेस के साथ किताबे भी भींग गई।
ऑटो वालों ने किया डबुआ से किनारा
डबुआ 60 फुट रोड पर जलभराव से यातायात व्यवस्था पूरी तरह चौपट हो गई। बीके चौक, नीलम चौक, एक नंबर आदि जगहों से डबुआ जाने वाले ऑटो चालकों ने किनारा कर लिया। ऐसे में अपने गंतव्य तक सवारी न मिलने से लोग परेशान हुए। कुछ आटो चालक चलने को तैयार भी हुए तो पांच गुणा तक किराए की मांग की। इससे सवारियां दूसरों वाहन चालकों से लिफ्ट लेकर किसी तरह अपने गणतव्य तक पहुंचे।
अजरौंदा चौक पानी में उतर पर संभाला ट्रैफिक
राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित अजरौंदा चौक एक बार फिर जलभराव से तालाब बन गया। यहां ट्रैफिक व्यवस्था ठप हो गई। राष्ट्रीय राजमार्ग से नीलम चौक और एनआईटी की तरफ आने और जाने वालों को भारी समस्या का सामना करना पड़ा। दिल्ली की ओर जाने वाला ट्रैफिक भी प्रभावित रहा। यहां यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए ट्रैफिक कर्मियों ने पानी में उतरकर ट्रैफिक संभाला। घुटनों तक भरे पानी में खड़े होकर यातायात सुचारु रखने की कोशिश की।
एनएचपीसी अंडरपास में डूबी स्कॉर्पियो
झमाझम बरसात ग्रीनफील्ड वासियों के लिए एक बार फिर मुसीबत बन आई। बरसात से एनएचपीसी अंडरपास में पानी भर गया। इससे लोगों का राष्ट्रीय राजमार्ग से संपर्क टूट गया। अंडरपास में पानी भरने के बाद एक स्कॉर्पियो पानी में डूब गई। लोगों ने कड़ी मशक्कत के बाद किसी तरह गाड़ी को बाहर निकाला।
घरों में भरा बरसात का पानी
डबुआ कॉलोनी गुरुद्वारा रोड पर जलभराव से लोग बेहद परेशान है। मंगलवार को हुई बरसात से एक बार फिर लोगों के घरों में पानी भर गया। इसी तरह सेक्टर-8, एनआईटी दो ई ब्लॉक में लोग बाल्टियों से घरों पानी निकालते दिखे। लोगों ने कहा कि थोड़ी सी बरसात उनके लिए मुसीबत बनकर आती है। बरसात से घरों के अंदर रसोई और सोने के कमरों तक पानी भर जाता है। सीवर लाइन बैक मार रही है। गंदा पानी लोगों के घरों में बह रहा है। इससे वह काफी परेशान है। घरों में गंदा पानी भरा होने के कारण बीमारियां फैलने की आशंका बढ़ गई है।
बरसात में नाले में बह गई सिल्ट
जिसका डर था वही हुआ। बरसात के बाद नाले की सफाई के बाद रखी गई सिल्ट नाले में बह गई। बीके चौक, बीके नीलम रेलवे रोड, एनआईटी तीन ईएसआईसी रोड इत्यादि कई स्थानों पर नाले की सफाई के बाद छोड़ी गई सिल्ट नाले में बह गई। इसके साथ ही सड़क के फुटपाथ पर कीचड़ हो गया।
इन सड़कों पर रहा जलभराव
सेक्टर-10-11 की डिवाइडिंग सड़क, सेक्टर-16 के विश्राम गृह वाली सड़क, सेक्टर-11 व 12 की सड़क, सेक्टर, छह, सात, आठ, नौ, 15, 16, 17, 18, 19, 21, 22, 23, 28, 29, 30, 31व 37 की मुख्य सड़कें, बीके-हार्डवेयर चौक, वायुसेना मार्ग, रेलवे रोड-आदि।