एनएचएम हड़ताल: पांच कर्मचारी नेताओं की सेवा समाप्त
फरीदाबाद। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारियों की हड़ताल पर स्वास्थ्य विभाग अब एक्शन मोड पर आ गया है। बृहस्पतिवार को स्वास्थ्य विभाग ने पांच कर्मचारी नेताओं की सेवा समाप्त कर दी। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. गुलशन अरोड़ा ने जारी अपने आदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को प्रभावित करने और एनएचएम कर्मचारियों को भड़काने का हवाला दिया है।
लगातार तीन दिन से जारी हड़ताल में शामिल प्रमुख नेताओं की मूल्यांकन रिपोर्ट निदेशालय स्तर से बुधवार को मांगी गई थी। बृहस्पतिवार को स्वास्थ्य विभाग ने ऐसे पांच एनएचएम कर्मियों की रिपोर्ट तैयार की। पांचों नेताओं पर स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित करने और स्वास्थ्य विभाग की मुसीबतें बढ़ाने व कर्मचारियों को भड़काने का आरोप लगाया गया था।
बृहस्पतिवार देर शाम जारी अपने आदेश में सीएमओ डॉ. गुलशन अरोड़ा ने फर्स्ट रेफरल यूनिट (एफआरयूू) के फ्लीट मैनेजर हरकेश डागर, पवन (आरबीएसके कॉर्डिनेटर), धीरज (इनफार्मेशन असिस्टेंट), धरवेंद्र (मॉनिटरिंग एवं इवोल्यूशन अधिकारी) सहित श्याम नाम के कर्मचारी की सेवाएं निरस्त कर दी। विभाग द्वारा जारी पत्र में एनएचएम के तहत कार्यरत कर्मचारियों को अन्य सहयोगियों को उकसाने के लिए दोषी बताया गया है। इसके साथ ही अपनी इच्छा से सेवाएं न देने के कारण प्रभावित हुई स्वास्थ्य सेवाओं के लिए जिम्मेदार बताया गया है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. गुलशन अरोड़ा ने बताया कि सेवाएं रद्द करने के लिए निदेशालय से आदेश प्राप्त हुए हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे करीब सात नेताओं के नाम विभागीय स्तर पर चुने गए हैं। इनमें से पांच की सेवाएं निरस्त करने के लिए पत्र जारी कर दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि यदि एनएचएम कर्मी हड़ताल जारी रखते हैं तो निर्देशानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।