कोविड-19 महामारी के कारण बच्चों की पढ़ाई को हुए नुकसान को पूरा करने के लिए सरकार ने कोपरीहेंसिव लर्निंग रिकवरी प्लान (एलआरपी) तैयार किया है। सभी राज्यों को पत्र लिखकर योजना के विभिन्न बिंदूओं पर जल्द से जल्द काम शुरू करने का निर्देश दिया है।
ओरल रीडिंग फ्लूएंसी स्टडी(ओआरएफ) में हर राज्य को 20 -20 लाख रुपये दिए जाएंगे। पढ़ाई को तकनीक के माध्यम से गुणवत्ता में सुधार के लिए ब्लॉक संसाधन समन्वयक (बीआरसी) में 6.40 लाख रुपये और 2.40 लाख रुपये मिलेंगे। समय-समय पर स्कूलों में औचक दौरा कर समस्याओं को चिन्हित करने के लिए प्रति सीआरसी को एक हजार रुपये दिए जाएंगे।
महामारी में आर्थिक परेशानियों के चलते किसी मेधावी छात्र की पढ़ाई नहीं छूटेगी। सरकार के राष्ट्रीय साधन-सह मेधा छात्रवृति के तहत नौवीं कक्षा के ऐसे छात्रों को हर महीने एक हजार रुपये मिलेंगे। आठवीं के बाद ऐसे छात्रों का ड्रॉपआउट रोकने के लिए इस योजना में 18.27 करोड़ रुपये के साथ वर्ष 2025-26 तक मंजूरी दी है। इसमें पात्रता आय सीमा 3.5 लाख रुपये प्रति वर्ष होनी चाहिए।