ईयर फोन लगाकर रेलवे ट्रैक पार कर रहे छात्र अभिलाष (20) की बुधवार सुबह गुलधर रेलवे ट्रैक पर ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई।
आसपास के लोगों का कहना है कि हादसे से पहले उन्होंने कई बार ट्रेन के हॉर्न की आवाज सुनी थी। अंदेशा है कि वह तेज आवाज में गाने सुन रहा था, जिस वजह से उसे ट्रेन की आवाज सुनाई नहीं दी और हादसे का शिकार हो गया।
कविनगर पुलिस ने जांच की। संजयनगर स्थित जे-ब्लॉक में अभिलाष परिवार के साथ रहता था। उसके पिता राजेश टेंट की दुकान पर नौकरी करते हैं।
राजेश ने बताया कि उनके दो बच्चे थे, एक बेटा और एक बेटी। बेटी की दो साल पहले मौत हो गई थी। अभिलाष आईटीआई पास है, वह मेरठ रोड स्थित एक बिल्डर के पास नौकरी करता था और कोई कोर्स करने की तैयारी कर रहा था।
मेरठ रोड से पैदल वापस घर लौट रहा था, गुलधर रेलवे स्टेशन के पास सुबह साढे़ दस बजे रेलवे ट्रैक पार करते वक्त वह ट्रेन की चपेट में आ गया। उसकी मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
कविनगर एसएचओ अशोक सिसौदिया ने बताया कि उस वक्त ट्रैक पर कोई व्यक्ति नहीं था, जिस वजह से उसे कोई रोक नहीं पाया। बाद में राहगीरों ने पुलिस को सूचना दी थी तो आगे की कार्रवाई की गई।
मौके पर ही युवक को मोबाइल और ईयर फोन मिला था। मोबाइल परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। अभिलाष घर का इकलौता चिराग था, बेटी की मौत के बाद परिजन बेटे के सहारे जी रहे हैं।
बेटे की मौत से दुखी परिजनों के साथ पड़ोसियों को भी गहरा सदमा लगा है। पड़ोसी परिवार का ढांढस बांधने में जुटे थे।