दिल्ली विधानसभा में मिठाई वालों की भी धूम है। आप सोच रहे होगे कि मिठाई की खरीद-बिक्री की धूम है, लेकिन ऐसा नहीं है। मिठाई वाले खुद ही सियासी जंग में उतर गए है।
मुख्य राजनीतिक पार्टियों ने इस बार कई ब्रांडेड मिठाई वालों को ही इस बार टिकट देकर चुनाव लड़ा रहे है। इस तरह सियासी मैदान में भी हीरा, सिंगला, वंशीवाला व पंडित जी स्वीट्स की चल रही जंग।
दिल्ली का यह चुनाव कई मायनों में बड़ा ही अजब है। अब आप प्रत्याशियों और उनके व्यवसाय को ही ले लीजिए। इस बार दिल्ली के चुनाव में चार से ज्यादा हलवाईयों को चुनावी मैदान में पार्टियों ने टिकट देकर चुनावी रण में उतारा है।
मजे की बात यह है कि दिल्ली के राजनैतिक इतिहास में अब तक एक साथ इस व्यवसाय के लोगों को कभी भी इतने टिकट नहीं दिए गए। हालांकि राजनैतिक पार्टियों का कहना है कि यह महज इत्तेफाक है कि इतने हलवाईयों को टिकट दिया गया है।
दिल्ली चुनाव में ब्रांडेड मिठाई वाले की बात करें तो पूर्वी दिल्ली में मशहूर हीरा स्वीट्स के मालिक विपिन शर्मा रोहतास नगर विधानसभा से कांग्रेस की तरफ से चुनावी रण में है।
हालांकि मिठाई वाले शर्मा प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष रामबाबू शर्मा के पुत्र है। लिहाजा इनका राजनीतिक पृष्ठभूमि भी है। इसी तरह पश्चिमी दिल्ली के रोहिणी विधानसभा से बंशीवाला आम आदमी पार्टी से चुनाव लड़ रहे है।
ये भाजपा के दिग्गज विधानसभा नेता प्रतिपक्ष विजेंद्र गुप्ता को टक्कर दे रहे है। भाजपा ने भी एक मिठाईवाले को मैदान में उतारा है। विश्वासनगर विधानसभा से विधायक ओपी शर्मा दूसरी बार ताल ठोंक रहे है तो इनके खिलाफ आम आदमी पार्टी ने दीपक सिंगला को मैदान में उतारा है। इस तरह से दो मिठाई वाले को आम आदमी पार्टी ने तो कांग्रेस व भाजपा ने एक-एक को बनाया है उम्मीदवार।