बुधवार(11 मार्च) को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा आप के निलंबित पार्षद ताहिर हुसैन के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम के तहत केस दर्ज किए जाने के बाद साथ ही ताहिर के पीएफआई के साथ संबंधों को भी खंगाला जा रहा है। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने सोमवार को ताहिर हुसैन के भाई शाह आलम को गिरफ्तार किया था। शाह आलम को पनाह देने वाले तीन लोगों को भी इस मामले में गिरफ्तार किया जा चुका है। ताहिर हुसैन पर आईबी के अधिकारी अंकित शर्मा की हत्या का आरोप है।
शामली में भी पकड़े जा चुके हैं 23 पीएफआई-एसडीपीआई समर्थक
दिल्ली के अलावा उत्तर प्रदेश के शामली जिले में भी पीएफआई के सक्रिय होने की बात सामने आई है। पुलिस जांच में पता चला कि सीएए और एनआरसी के विरोध प्रदर्शन में माहौल गर्माने की कोशिश की गई थी। तब से जिले में पीएफआई और एसडीपीआई से जुड़े 23 लोग पकड़े जा चुके हैं। एसपी के अनुसार गिरफ्तारी के वक्त ये नहीं पता था कि ये लोग संस्था या संगठन से जुड़े हैं, लेकिन इनके पास से मिले भड़काऊ पोस्टर और आपत्तिजनक सामग्री के बाद इनके पीएफआई और एसडीपीआई से जुड़ा माना जा रहा है।