अंडरवर्ल्ड डॉन सुरेंद्र सिंह सोढी उर्फ शम्मी को गिरफ्तार करने में दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल को कामयाबी मिल गई है। 46 वर्षीय शम्मी ने स्कूल के दिनों में ही अपराध की दुनिया में कदम रखकर अंडरवर्ल्ड डॉन श्रीप्रकाश शुक्ला, सीरिया पहलवान, बंटी गुर्जर, यशबीर फौजी और रोहताश पंडित जैसे बड़े बदमाशों के साथ काम किया। ज्यादातर बदमाशों को दिल्ली पुलिस ने मुठभेड़ के बाद मार गिराया। शकरपुर थाने में शम्मी के खिलाफ मकोका का मामला दर्ज कर दिल्ली पुलिस आयुक्त ने उसकी गिरफ्तारी पर 50 हजार का इनाम घोषित किया हुआ था। शम्मी के पास से पुलिस ने एक पिस्टल और पांच कारतूस बरामद किए हैं। मर्डर, जबरन वसूली और विवादित प्रॉपर्टी को खरीदने जैसे मामलों में शम्मी शामिल रहा है।
स्पेशल सेल पुलिस उपायुक्त प्रमोद सिंह कुशवाहा ने बताया कि काफी समय से स्पेशल सेल की टीम को शम्मी की तलाश थी। इस बीच पुलिस को सूचना मिली कि शम्मी ने पश्चिम दिल्ली में कहीं पनाह ली हुई है। शुक्रवार शाम सूचना मिली कि आरोपी किसी साथी से मिलने मोती नगर आने वाला है। सूचना के बाद रात 2.40 बजे आरोपी मोती नगर पहुंचा, तो पुलिस टीम ने उसे दबोच लिया। शम्मी के पास से .32 बोर की एक पिस्टल व पांच कारतूस बरामद हुए। आरोपी ने प्रीत विहार में फरवरी में लक्की नामक प्रॉपर्टी डीलर के पिता रवि गुप्ता को घर में घुसकर कई गोलियां मार दी थी, तभी से वह फरार था।
स्कूल के समय से ही करने लगा था अपराध
यमुनापार के शकरपुर के रहने वाले शम्मी ने स्कूल के समय से ही अपराध की दुनिया में कदम रख दिया था। मारपीट और जानलेवा हमला करने के आरोप में वह स्कूल टाइम में ही चार बार जेल चला गया। अपने स्कूल के साथी और उस समय के बदमाश हेमू गुर्जर के साथ मिलकर उसने अपराध की दुनिया में कदम रखा। उसने सीरिया पहलवान, श्रीप्रकाश शुक्ला, यशबीर फौजी, रोहताश पंडित जैसे बड़े गैंगस्टरों के साथ काम शुरू कर दिया। 21 साल की उम्र में शम्मी को शकरपुर थाने का बीसी घोषित कर दिया गया। शम्मी ने दिल्ली, यूपी, हरियाणा और मुंबई जैसी जगहों पर अंडरवर्ल्ड में खूब नाम रहा। उसे महंगी कारों, पांच सितारा होटल में जाना, बार में शराब पीने का शौक है।