फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अब बुझ जाएगी दिल्ली की प्यास!: LG ने की हरियाणा के CM नायब सिंह से बात, मिला हर संभव मदद का आश्वासन

Sun, 23 Jun 2024 09:13 PM IST
Vikas Kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

एलजी ने बैठक में दोहराया कि आर्थिक सर्वेक्षण के अनुसार दिल्ली में 54 फीसदी पानी का हिसाब नहीं है। 40 फीसदी पानी बर्बाद हो रहा है। उन्होंने कहा कि जीएनसीटीडी और दिल्ली जल बोर्ड को इस मुद्दे को देखना चाहिए। 
विज्ञापन
दिल्ली में पानी की किल्लत - फोटो : एएनआई
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पानी की समस्या से जूझ रहे दिल्ली को हरियाणा ने हर संभव मदद करने का भरोसा दिया है। रविवार को राजनिवास में आम आदमी पार्टी के नेताओं के साथ हुई दिल्ली के उपराज्यपाल वीके सक्सेना की बैठक हुई। बैठक के बाद शाम चार बजे एलजी ने हरियाणा के मुख्यमंत्री से फोन पर बात की। इस बातचीत के दौरान हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने आश्वासन दिया है कि वे इस मामले को गंभीरता से देखेंगे। साथ ही यथासंभव स्थिति से निपटने में मदद करने की कोशिश करेंगे।

विज्ञापन


वहीं आम आदमी पार्टी की प्रेस वार्ता पर निशाना साधते हुए राजनिवास ने कहा कि पार्टी समस्या को सुलझाने की जगह आरोप-प्रत्यारोप में लगी हुई है।

राजनिवास से मिली जानकारी के मुताबिक दिल्ली के उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने रविवार दोपहर 12:15 बजे आप सांसदों, विधायकों और पदाधिकारियों के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की। बैठक में आप सांसदों ने एलजी से मांग रखी कि वह हरियाणा सरकार से कुछ दिनों के लिए अतिरिक्त पानी की मांग करें। जब तक कि बारिश, मानसून न आ जाए। 

बैठक के बाद एलजी ने कहा कि दिल्ली, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश और अन्य पड़ोसी राज्यों के बीच यमुना जल का हिस्सा ऊपरी यमुना नदी बोर्ड द्वारा तय किया गया है। 2025 में इसका नवीनीकरण किया जाना है। इसे सर्वोच्च न्यायालय ने भी बार-बार बरकरार रखा है। 

सर्वोच्च न्यायालय की सलाह है कि दिल्ली मानवीय आधार पर अतिरिक्त पानी के लिए हरियाणा से संपर्क कर सकती है। उन्होंने कहा कि पानी की समस्या को दूर करने के लिए आरोप-प्रत्यारोप के जगह सहयोग और सौहार्दपूर्ण संवाद के माहौल में समस्या दूर हो सकती है। दिल्ली के साथ दूसरे सभी राज्यों की जनसंख्या में समान रूप से वृद्धि हुई है और सभी राज्य गर्मी की लहर से समान रूप से प्रभावित हैं।
विज्ञापन

समस्या को सुधारे दिल्ली
एलजी ने बैठक में दोहराया कि आर्थिक सर्वेक्षण के अनुसार दिल्ली में 54 फीसदी पानी का हिसाब नहीं है। 40 फीसदी पानी बर्बाद हो रहा है। उन्होंने कहा कि जीएनसीटीडी और दिल्ली जल बोर्ड को इस मुद्दे को देखना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने यह बोल चुकी है। दिल्ली को अपनी जल भंडारण क्षमता बढ़ाने की जरूरत है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें