मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने शनिवार को गृहमंत्री अमित शाह पर हमला करते हुए कहा कि वह शिक्षा को ओछी राजनीति का हिस्सा नहीं बनाएं और न ही छात्रों, शिक्षकों और दिल्ली के सरकारी स्कूलों के अभिभावकों की कड़ी मेहनत का मजाक उड़ाएं।
दरअसल आमित शाह ने कहा था कि आप ने सत्ता में आने के बाद नए स्कूल नहीं बनवाए और मौजूदा स्कूलों की स्थिति में भी गिरावट आई है। इसी आरोप के जवाब में केजरीवाल ने यह सब कहा है।
शाह ने ट्वीट किया था कि केजरीवाल जी ने 500 स्कूल बनाने का वादा किया था। नए स्कूल बनाना तो दूर, वर्तमान स्कूलों की भी हालत जर्जर हो चुकी है। 700 स्कूलों में प्रधानाध्यापक नहीं हैं, 1000 से अधिक स्कूलों में विज्ञान शाखा ही नहीं है, 19000 शिक्षकों की कमी है। केजरीवाल सरकार शिक्षा बजट का 30% खर्च ही नहीं कर पाई।
इसी की जवाब देते हुए केजरीवाल ने शाह को न्योता दिया कि वो खुद आकर दिल्ली के सरकारी स्कूलों की स्थिति देख लें। केजरीवाल ने कहा कि अमित शाह कृपया समय निकालें और मेरे साथ आकर सरकारी स्कूलों का दौरा करें। आप पूरे दिन नकारात्मकता से घिरे रहते हैं। हमारे छात्रों से मिलिए आपको कुछ सकारात्मकता मिलेगी। शिक्षा पर सकारात्मक राजनीति कीजिए।