दिल्ली के कापसहेड़ा इलाके में आठ साल की बच्ची की भूमिगत टैंक में गिरने से दर्दनाक मौत हो गई। 11 फीट गहरे टैंक का ढक्कन खुला हुआ था। बच्ची के पिता का आरोप है कि उसने मकान मालिक से कई बार इसे ठीक करवाने के लिए शिकायत कर चुका था।
पिता का आरोप है कि बच्ची की मौत के बाद मकान मालिक ने पुलिस से शिकायत करने से रोका और कहा कि पुलिस तुम्हें ही पकड़ लेगी और बच्ची के शव के साथ चीर फाड़ होगा। मकान मालिक ने बच्ची के शव का अंतिम संस्कार कर देने के लिए कहा। लेकिन मौका पाकर बच्ची की मां ने पुलिस को घटना की जानकारी दे दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को बाहर निकाला और इस बाबत लापरवाही से हुई मौत और साक्ष्य छुपाने का मामला दर्ज कर लिया।
कपड़े की सिलाई करने वाला राज खान कापसहेड़ा स्थित ठेके वाली गली में पत्नी, तीन बेटी और एक बेटे के साथ रहता है। 30 अक्तूबर को राज अपने घर में था। उसकी आठ साल की बेटी रुखसार कमरे से शौचालय जाने के लिए निकली। काफी देर तक वापस नहीं आने पर परिवार वालों ने उसकी तलाश शुरू की। शौचालय के पास बच्ची दिखाई नहीं दी।
काफी देर तक इधर उधर तलाशने के बाद वह फिर से शौचालय के पास पहुंचा। इसी दौरान टैंक में बच्ची का चप्पल तैरता दिखा। इस बात की जानकारी मिलने पर अन्य लोग भी वहां पहुंचे और 11 फीट गहरे टैंक से पानी निकालने लगे। पड़ोसियों ने मोटर लगाकर पानी निकालने लगे। इसी दौरान मकान मालिक सुनील यादव वहां पहुंच गया। पानी कम होने पर बच्ची का शव दिखने लगा। आरोप है कि मकान मालिक ने सभी वहां से घर भेज दिया और बच्ची के माता-पिता पर दवाब देने लगा।
पिता ने आरोप लगाया कि मकान मालिक ने कहा कि वह उसकी बेटी का अंतिम संस्कार फार्म हाउस में कर देगा और इसमें आने वाला खर्च वह देगा। इसी दौरान राज खान की पत्नी ने पुलिस को फोन कर दिया। पुलिस ने शव को बाहर निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। जिला पुलिस उपायुक्त गौरव शर्मा ने बताया कि प्राथमिक जांच में बच्ची की दुर्घटनावश मौत होने की बात सामने आई है। बच्ची परिवार वालों से किसी पर शक जाहिर नहीं किया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही बच्ची की मौत के कारणों का खुलासा हो पाएगा।