दिल्ली में एक युवक ने उधार में दिए डेढ़ लाख रुपये मांगने पर अपने चाचा का अपहरण कर उसकी हत्या कर दी। इस बात का खुलासा मंगोलपुरी पुलिस के गिरफ्त में आए आरोपी युवक ने की है।
युवक ने दो सहयोगियों के साथ मिलकर शव को सोनीपत स्थित एक कुएं में फेंक दिया और उसकी कार को दीमापुर (नगालैंड) में बेच दिया।
आरोपी ने पीड़ित की सोने की चेन को मुथूट फाइनेंस में गिरवी रखकर उधार भी ले लिया।
सट्टा कारोबार से जुड़ा है आरोपी
बाहरी जिला पुलिस उपायुक्त विक्रमजीत सिंह ने बताया कि खरखौदा सोनीपत निवासी सतवीर सिंह ने 10 जुलाई को मंगोलपुर कलां निवासी अपने छोटे भाई समुद्र सिंह (40) के अपहरण की शिकायत मंगोलपुरी थाने में दर्ज करवाई।
उसने बताया कि 25 मई को उसने भाई को भतीजे दीपक के साथ स्विफ्ट कार से जाते हुए देखा था। उसके बाद से दोनों का कोई अता-पता नहीं है। उसने दीपक पर भाई को अगवा करने का शक जाहिर किया।
जांच में पुलिस ने पाया कि दीपक सट्टे के कारोबार से जुड़ा है और उसका आपराधिक रिकॉर्ड वाले कई लोगों से संपर्क है।
ऐसे खुली हत्या की पूरी कहानी
पुलिस ने दीपक को हिरासत में लेकर कड़ाई से पूछताछ की तो उसने बताया कि रुपये की जरूरत पड़ने पर उसने कुछ महीने पहले 1.55 लाख रुपये चाचा से उधार लिए थे।
उधर सट्टे में नुकसान होने से वह रुपये वापस नहीं कर पा रहा था। रुपये को लेकर चाचा ने कई बार लोगों के सामने उसे बेइज्जत किया। बदला लेने की नीयत से उसने अपने दो सहयोगियों अजय और मोनू के साथ मिलकर समुद्र को अगवा कर लिया।
आरोपी समुद्र को लेकर सोनीपत पहुंचे, जहां उसकी गला दबाकर हत्या कर दी और शव को एक कुएं में फेंक दिया। उसके बाद उसने चाचा के सोने के चेन को मुथुट फाइनेंस में गिरवी रखकर 59 हजार रुपये ले लिए और कार को दीमापुर जाकर दो लाख में बेच दिया।