पंचायत ने शारीरिक शोषण के बदले युवती को दो हजार रुपये देकर मामला निपटा दिया। दस हजार के मोबाइल के लालच में युवती के ब्वायफ्रेंड ने शादी का झांसा देकर उसे अपने ममेरे भाई को एक रात के लिए सौंपा था और बाद में शादी से इनकार कर दिया।
मामला चर्चा में आने पर गांव में पंचायत हुई और पंचायत शारीरिक शोषण की कीमत दो हजार रुपये लगाकर मामला निपटा दिया। उधर, पुलिस सूचना से इनकार कर रही है।
एसओ का कहना है कि शिकायत होने पर कार्रवाई की जाएगी। मामला मुरादनगर थाना क्षेत्र के एक गांव से जुड़ा है। गांव निवासी युवक नोएडा एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करता है।
गांव में ही युवक का ममेरे भाई रहता है, जो शादी शुदा और दो बच्चों का पिता है। नोएडा में नौकरी करने वाले युवक का गांव निवासी युवती से प्रेम प्रसंग चल रहा था।
बताया जाता है कि दो माह पूर्व युवक ने स्मार्ट फोन खरीदने के लिए ममेरे भाई से दस हजार रुपये मांगे, जिस पर ममेरे भाई ने दस हजार रुपये देने की एवज में एक रात के लिए गर्लफ्रेंड को भेजने की शर्त रखी।
युवक ने गर्लफ्रेंड को शादी का झांसा दिया और ममेरे भाई के साथ रात गुजरने के लिए गर्लफ्रेंड को राजी कर लिया। करीब सवा महीने पहले युवक ने गर्लफ्रेंड को ममेरे भाई के पास भेज दिया।
जब युवक ने अगले दिन ममेरे भाई से दस हजार रुपये मांगे तो उसने रुपये देने से इनकार कर दिया और दोनों के बीच गाली-गलौज हुई।
घटना के करीब बीस दिन बाद गर्लफ्रेंड को पता चला कि युवक ने रातभर के लिए दस हजार रुपये में उसका सौदा किया था।
वह आग बबूला हो गई और उसने युवक से शादी करने को कहा। मगर युवक ने यह कहकर शादी से इनकार कर दिया कि उसने किसी ओर के साथ रात गुजरी है।
युवक के शादी से मना करने पर युवती ने परिजनों को आपबीती बताई। जिस पर दोनों परिवारों के बीच कहासुनी हुई और मसले को लेकर 15 दिन पहले गांव में पंचायत बैठी।
जिसपर पंचों ने शारीरिक शोषण की कीमत दो हजार रुपये लगाई और युवक के परिजनों से युवती को दो हजार रुपये देने का फैसला सुनाया। हालांकि युवती रुपये लेने से इनकार कर शादी की जिद पर अड़ी है।
सूत्रों का कहना है कि अब दोनों पक्षों के बीच दोबारा से समझौते को लेकर बातचीत चल रही है। मामला इलाके में चर्चा का विषय बना है।
उधर, एसओ राजकुमार यादव सूचना से इनकार कर रहे है। उनका कहना है कि शिकायत पर कार्रवाई की जाएगी।