गाजियाबाद में राहुल खट्टा के नाम पर दो लोहा व्यापारियों से एक करोड़ रंगदारी मांगने वाले को कविनगर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पकड़ा गया आरोपी पवन शर्मा निवासी मोरटा है। व्यापार में घाटा होने पर हुए कर्ज को उतारने और व्यापारी द्वारा प्लाट खाली कराने की खुन्नस में उसने यह साजिश रची। ‘क्राइम पेट्रोल’ सीरियल देखकर उसे रंगदारी मांगने का आइडिया आया।
उसके साथी रिंकू ने उसे दो हजार रुपये में फर्जी आईडी पर पांच सिम और दो नए मोबाइल मुहैया कराए थे। तीन और व्यापारियों से रंगदारी मांगने की इसकी प्लानिंग थी। रिंकू भागा हुआ है।
एसपी सिटी ने बताया कि पवन संजयनगर सेक्टर-23 में किराए पर कमरा लेकर रहता है। वह दसवीं तक पढ़ा है। पहले वह लोहा कारोबारी सत्यप्रकाश मित्तल के यहां कर्मचारी था। दो साल पहले उसने दरवाजों के कुंदे और कब्जे बनाने का काम शुरू किया था। हापुड़ रोड गार्डन एंक्लेव निवासी सत्यप्रकाश मित्तल ने उसे 100 गज का प्लाट औद्योगिक क्षेत्र में किराए पर दिया था।
ऐसे की प्लानिंग
एक साल पहले सत्यप्रकाश मित्तल ने पवन के अभद्र व्यवहार के कारण उससे प्लाट खाली करवा लिया था। पवन ने बताया कि उसे फैक्ट्री बंद होने से करीब 30-40 लाख का नुकसान हुआ था। उस पर कर्ज हो गया।
कर्ज उतारने के लिए उसकी लोहा मंडी के पांच व्यापारियों से रंगदारी मांगने की प्लानिंग थी, इसीलिए उसने पांच सिम खरीदे थे। दो से वह मांग चुका था, पैसे मिलने पर वह तीन और व्यापारियों से रंगदारी मांगता। बता दें कि सोमवार को दो लोहा व्यापारियों से 50-50 लाख रुपये रंगदारी मांगने का मामला प्रकाश में आया था। मंगलवार को अंक में सिर्फ अमर उजाला ने इस खबर को प्रकाशित किया था।
पवन ने बताया कि उसने मोहन स्टील ट्रेडर्स के मालिक लोहिया नगर निवासी मोहन लाल अग्रवाल और सत्यप्रकाश मित्तल को टारगेट बनाया। मोहन लाल का आफिस उसके भाई के आफिस के पास है, जबकि सत्यप्रकाश को वह पहले से जानता था।
उसने दोनों व्यापारियों केपास मोटी रकम आती देखी थी। उसने दोस्त रिंकू से संपर्क कर फर्जी आईडी पर पांच सिम कार्ड और दो नए मोबाइल मंगाए। उसने दोनों को 22 और 23 नवंबर को जान से मारने की धमकी भरी एक-एक फोन कॉल अलग-अलग नंबर से और पांच एसएमएस किए थे। उसने खुद को राहुल खट्टा बताकर कॉल की थी। व्यापारियों ने कविनगर थाने में रिपोर्ट लिखाई थी।
ऐसे आया पकड़ में
पुलिस सूत्रों ने बताया कि फर्जी आईडी पर सिम होने के कारण पुलिस के लिए इसे पकड़ना आसान नहीं था। पुलिस ने पता किया जिन नंबरों के सिम से धमकी दी गई है, वे किस दुकानदार को कंपनी ने मुहैया कराए हैं। पुलिस ने दुकानदार को पकड़ा। दुकानदार से सिम लेने वाला का पता चला। सिम वाले ने रिंकू के बारे में बताया। रिंकू के परिजनों से रिंकू और पवन की दोस्ती का पता चला। पुलिस ने पवन को दबोचकर पूछताछ की तो खुलासा हो गया।
पत्नी ने डांटा तो फेंक दिए मोबाइल-सिम
पवन ने बताया कि उसने पत्नी को रंगदारी मांगे जाने की बात बताई तो पत्नी ने उसे डांटा, जिसके बाद उसने मोबाइल और सिमकार्ड मुरादनगर गंगनहर में फें क दिए थे।
अखबारों में पढ़ा था राहुल खट्टा का नाम: भट्टा कारोबारी से अपहरण करने के मामले में उसने ढाई लाख के इनामी राहुल खट्टा का नाम पढ़ा था। तभी उसने रंगदारी राहुल खट्टा बनकर मांगने की सोची।
पुलिस ने उपलब्ध कराई थी सिक्योरिटी
कविनगर एसएचओ अवनीश गौतम ने बताया कि दोनों व्यापारियों को पुलिस सिक्योरिटी मुहैया कराई थी। 24 घंटे चार-चार पुलिसवाले व्यापारियों की सुरक्षा में लगे हुए थे।
सहमे थे दोनों परिवार
दोनों व्यापारियों ने बताया कि उनकेपरिवारवाले सहमे हुए थे। वे ही जानते हैं कि उनके तीन दिन कैसे गुजरे। उन्होंने पुलिस का भी शुक्रिया अदा किया। लोहा विक्रेता मंडल के अध्यक्ष शिव शंकर राठी ने बताया कि उन्होंने एसएसपी से लोहा व्यापारियों की सुरक्षा बढ़ाए जाने की मांग की है।