खेड़की दौला थाना क्षेत्र में चार साल पहले दो युवकों ने एक ट्राला चालक के साथ मारपीट कर पर्स छीन लिया था। इस मामले में कोर्ट ने शनिवार को सुनवाई की और दोषी योगेश को दस साल की सजा सुनाई है। इसके साथ ही अदालत ने 25 हजार का जुर्माना भी लगाया है। यह आदेश अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश रूपम की अदालत ने दिया है। पुलिस ने घटना वाले दिन ही दोषी को गिरफ्तार कर लिया था।
जानकारी के अनुसार, 15 अप्रैल 2019 को कुलदीप ने खेड़की दौल थाना पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि वह अपने भाई संजीव के साथ ट्राले में सामान भरकर दिल्ली जा रहे थे। खेड़की दौला थाना क्षेत्र क्षेत्र में एक ढाबे पर रुक गए थे। वह ट्राले के बाहर खड़े थे और उनका भाई ट्राले में सो रहा था । इसी दौरान मोटरसाइकिल पर सवार दो युवक आए और उसके साथ मारपीट कर उसका पर्स छीन कर ले गए।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने नाकाबंदी कर दी। कुछ ही देर में पुलिस में दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार हुए आरोपियों की पहचान दिल्ली निवासी योगेश और राहुल के रूप में हुई थी। जांच के दौरान राहुल के खिलाफ आरोप ड्रॉप कर दिए गए थे। दोनों पक्षों को सुनने के बाद अदालत ने योगेश को दोषी ठहराते हुए 10 साल की कठोर सजा और 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। जुर्माना ने देने पर 6 महीने की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।