धर्मेंद्र राठी रेडीमेंट गरमेंट की दुकान करते हैं। वह राधेश्याम विहार कॉलोनी में किराये का कमरा लेकर परिवार के साथ रहते हैं। धर्मेंद्र के परिवार में पत्नी नेहा, बेटा आरव (11) व मनी (5) है। आरव कक्षा चार में माउंट कार्मल स्कूल में पढ़ता है। शनिवार शाम करीब छह बजे आरव साइकिल से रेलवे रोड पर सब्जी लेने गया था, लौटते समय दिल्ली-मेरठ हाईवे पर आयुध निर्माणी गेट के पास विपरीत दिशा से एक इको कार आई। कार सवार एक बदमाश ने उसे रोका इस पर आरव तेजी से साइकिल चलाते हुए आरओबी पर चलने लगा। बदमाशों ने ओवरटेक कर उसे रोक लिया और चाकू के बल पर आरव को साइकिल समेत कार में डाल लिया।
बदमाश धेदा गांव मार्ग पर आरओबी के नीचे पहुंचे और छात्र की साइकिल व कपड़े उतरवा कर वहां फेंक दिये। एक बदमाश ने छात्र की गर्दन पर चाकू लगाया हुआ था, जबकि दूसरे ने कांच का टुकड़ा हाथ में ले रखा था। इसी बीच एक बदमाश फोन पर बात करने लगा, छात्र ने हिम्मत दिखा बदमाश के हाथ पर काट लिया और कार से कूदकर भाग गया। बदमाशों ने उसका पीछा किया लेकिन छात्र भागने में कामयाब हो गया। करीब दो किमी तक नंगे पैर दौड़कर वह जीतपुर कॉलोनी में अपने दादा कंवरपाल के घर पहुंचा और वारदात की जानकारी दी। परिजन ओएफएम पुलिस चौकी पहुंचे और हंगामा किया।
शोर मचाने पर दी गर्दन काटने की धमकी
आरव ने बताया कि बदमाशों ने जब उसे कार में डाल लिया तो शोर मचाने पर गर्दन काटने की धमकी दी। इससे वह सहम गया और चुपचाप बैठा रहा, मौका मिलते ही छात्र उनके चंगुल से छूटकर भाग निकला। वहीं, परिजनों ने बताया कि हादसे के बाद आरव काफी सहमा हुआ है।