पांच सितारा होटल के मालिकों को ठगने वाले आरोपी फरीदाबाद निवासी मृणांक सिंह (25) ने आईपीएस को गुमराह कर फरार होने का प्रयास किया था। आईजीआई एयरपोर्ट पर जब सुरक्षा एजेंसियों ने उसे पकड़ा तो मृणांक ने कहा कि वह आईपीएस का जानकार है।
उसने नई दिल्ली जिला डीसीपी प्रवण तायल को फोन कर कहा कि वह कर्नाटक का डीजी है, और एयरपोर्ट पर पकड़े गए युवक को छुड़वा दिया जाए। फोन आते ही डीसीपी प्रवण तायल परेशान हो गए। डीसीपी ने मामले की जांच के आदेश दिए।
कई घंटे बाद पता लगा कि मृणांक जालसाज है और उसने फरार होने के लिए फोन किया था। पुलिस का कहना है कि मृणांक के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस भी जारी हो रखा है। इस कारण सुरक्षा एजेंसियों ने उसे एयरपोर्ट पर रोका था।
आरोपी ने गूगल से नंबर लेकर डीसीपी प्रवण को अपने मोबाइल से कॉल की थी। इधर, पुलिस ने आरोपी को बृहस्पतिवार को कोर्ट में पेश किया जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस उसके मोबाइल को खंगाल रही है।
बताया जा रहा है कि मोबाइल में भारतीय टीम के कई कप्तानों सहित अन्य क्रिकेटरों के नंबर सेव हैं। पुलिस के अनुसार, भारतीय क्रिकेट टीम के खिलाड़ी रिषभ पंत के साथ भी आरोपी ठगी कर चुका है। शुरुआती जांच में पता लगा है कि रिषभ पंत से उसने बड़ा व्यवसाय करने की बात कही।
इसके लिए उसने पंत से 1.63 करोड़ रुपये ले लिए। रिषभ ने जब पैसे मांगे तो आरोपी ने चेक दिया जो चेक बाउंस हो गया। इसके बाद मृणांक के खिलाफ चेक बाउंस का मामला दर्ज हुआ। हालांकि, आरोपी चेक बाउंस के इस मामले में कोर्ट से बरी हो चुका है।
चाणक्यपुरी थाने में तैनात जांच अधिकारी कुलदीप यादव पूरे मामले की जांच कर रहे हैं। उन्होंने हरियाणा पुलिस से संपर्क साधा है। आरोपी ने दावा किया है कि वह रिषभ पंत के साथ हरियाणा में रणजी खेल चुका है।