पूर्वी जिला पुलिस ने मधु विहार इलाके से फिरौती के लिए अगवा किए गए छह साल के मासूम को चंद ही घंटों में अलीगढ़ के पास से मुक्त करा लिया।
पुलिस ने मासूम को अगवा करने के आरोप में कारोबारी के नौकर को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान गांव देवारिया, पटयाली, कासगंज यूपी निवासी कुलदीप (24) के रूप में हुई है।
कुलदीप ने मासूम को अगवा कर पांच लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। पुलिस ने आरोपी को अलीगढ़ के पास कसबा पनैथी से बस में दबोच लिया। आरोपी मासूम को लेकर कासगंज जा रहा है। पुलिस इससे पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।
पूर्वी जिला पुलिस उपायुक्त भैरों सिंह गुर्जर के मुताबिक शुक्रवार दोपहर करीब 2.45 बजे वेस्ट विनोद नगर निवासी अनिल बंसल ने अपने छह साल के बेटे नैतिक बंसल के अगवा होने की सूचना पुलिस को दी थी।
गिरवी मकान छुड़वाने के लिए किया अगवा
परिवार के मुताबिक घर के दरवाजे पर उन्हें एक लैटर बरामद हुआ, जिसमें उनके नौकर कुलदीप ने नैतिक को अगवा करने की बात कर पांच लाख रुपये का इंतजाम करने की बात लिखी थी।
नैतिक पूर्वी दिल्ली के एक नामी पब्लिक स्कूल में पहली कक्षा का छात्र है। फिरौती की बात पता चलते ही पुलिस ने मामला दर्ज कर छानबीन शुरू की। परिवार ने आरोपी नौकर का एक मोबाइल नंबर पुलिस को दिया।
टेक्नीकल सर्विलांस के आधार पर पुलिस ने जब कुल की लोकेशन का पता किया तो वह दिल्ली से एटा के बीच आने लगी। एसीपी एनएस मिनहास, एसएचओ मधु विहार आरके साहा, इंस्पेक्टर केपी साह व अन्यों की टीम ने छानबीन शुरू की।
आरोपी को कासगंज पहुंचने से पहले ही दबोचने की योजना बनाई गई। पुलिस ने यूपी पुलिस की मदद से अलीगढ़ के पास पनैथी के पास पिकेट लगाई गई।
वहां एक बस से नैतिक के साथ कुलदीप को दबोच लिया गया। पुलिस ने बताया कि उसे रुपयों की जरूरत थी, जिसकी वजह से उसने नैतिक को अगवा पैसे मांगने की योजना बनाई।
कुलदीप पिछले काफी समय से अनिल बंसल की मंडावली स्थित किरयाने की दुकान पर काम करता था। करीब 20 दिन पहले ही उसने नौकरी छोड़ दी थी।
टेक्नीकल सर्विलांस से जल्द पकड़ा गया आरोपी
उसने पुलिस को बताया कि उसे रुपयों की बहुत सख्त जरूरत थी। पिछले काफी समय से कुलदीप का मकान गिरवी रखा था। इसके लिए कुलदीप ने अपनी जमीन का भी सौदा कर दिया था।
लेकिन वह अपनी जमीन को बेचना नहीं चाहता था। इसी वजह से उसने अनिल के बेटे को अगवा कर फिरौती मांगने की योजना बनाई। शुक्रवार दोपहर को वह दुकान से नैतिक को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया। इससे पहले वह घर पर फिरौती का लैटर डाल आया था।
कुलदीप का पता चलते ही पुलिस की एक टीम उसकी तलाश में निकल गई। मोबाइल नंबर के आधार पर उसकी लोकेशन का पता लगाकर पीछा किया जाने लगा।
पुलिस अधिकारियों ने आशंका जताई अगर आरोपी एटा या कासगंज पहुंच गया तो उसे पकड़ना मुश्किल होगा। यूपी पुलिस से मदद मांगी गई। बीच में ही नाका लगाकर आरोपी को दबोचने की योजना बनाई। कसबा पनैथी के पास पिकेट लगाकर एक-एक वाहन की जांच की गई और आरोपी पुलिस के जाल में फंस गया।