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खरीदारों को देरी से कब्जा देने का जुर्माना देगा बिल्डर, यूपी रेरा की पीठ दो ने सुनाया फैसला

Tue, 02 Apr 2019 05:41 AM IST
शाहरुख खान न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ग्रेटर नोएडा
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सांकेतिक तस्वीर
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यूपी रेरा की पीठ एक और दो ने सोमवार को विभिन्न बिल्डरों के 120 से अधिक मामलों पर सुनवाई की। पीठ दो ने पार्श्वनाथ बिल्डर के कुछ मामलों में खरीदारों को कब्जा देने का आदेश दिया है। बिल्डर को देरी से कब्जा देने का जुर्माना भी खरीदार को देना होगा। 
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पीठ दो के सदस्य बलविंदर कुमार ने बताया कि पार्श्वनाथ के 20 मामलों पर सुनवाई की। इनमें से 14 मामलों में खरीदारों को कब्जा देने का आदेश दिया गया है। दिसंबर, तक खरीदारों को कब्जा देना होगा। 

अगर बिल्डर तय समय पर कब्जा नहीं देता है तो फिर ब्याज समेत धनराशि वापस करनी होगी। साथ ही बिल्डर को देरी से कब्जा देने का जुर्माना भी देना होगा।जो बिल्डर-बायर्स एग्रीमेंट के तहत देना होगा। अन्य मामलों में बिल्डरों से जवाब मांगा गया है। वहीं पीठ वन ने भी सभी मामलों में बिल्डरों से जवाब मांगा है। 
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अनिश्चितकालीन इंतजार नहीं कर सकते खरीदार
कोलकाता के एक बिल्डर ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर उपभोक्ता फोरम के आदेश को चुनौती दी थी। आदेश में फोरम ने बिल्डर को ब्याज समेत जमा धनराशि वापस करने को कहा था। 
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सुप्रीम कोर्ट ने आदेश को सही ठहराया है और कहा है कि फ्लैट के लिए खरीदार अनिश्चितकाल तक इंतजार नहीं कर सकता। सात साल का इंतजार काफी रहता है। 

सुप्रीम कोर्ट के इस आदेश पर रेरा के सदस्य बलविंदर कुमार का कहना है कि रेरा भी इसी मंशा के साथ काम कर रहा है। जो बिल्डर छह माह या एक साल के अंदर कब्जा देने का दावा करता है, केवल उसी में कब्जा देने का आदेश दिया जाता है। 

उस आदेश में यह भी शामिल रहता है कि अगर कब्जा नहीं दिया तो फिर ब्याज समेत धनराशि वापस करनी होगी। जिन प्रोजेक्ट में खरीदार सालों से कब्जा मिलने का इंतजार कर रहे है और उन्हें कब्जा मिलने की उम्मीद भी नहीं है, उन मामलों में पैसा वापस दिलाया जा रहा है। 
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