राशिद ने पहले पटियाला हाउस कोर्ट में एक याचिका दायर की थी, जिसमें जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनाव अभियान में भाग लेने के लिए तीन महीने की अंतरिम जमानत मांगी गई थी। सुनवाई के दौरान राशिद के वकील ने अनुरोध किया कि अगर अदालत तीन महीने की जमानत नहीं दे सकती तो कम से कम चुनाव अवधि के लिए 10 अक्टूबर तक अंतरिम जमानत दे।
हालांकि अदालत ने शुरू में केवल 2 अक्टूबर तक जमानत दी थी, बाद में इसे 10 दिन और अब तीन दिन और बढ़ा दिया गया है। इंजीनियर राशिद जो 2017 के आतंकी फंडिंग मामले में गैरकानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम के तहत दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद थे, हाल ही में अंतरिम जमानत पर रिहा हुए हैं। उनकी पार्टी ने जम्मू-कश्मीर में विधानसभा चुनाव लड़ा था।