थाना पुलिस के रिकार्ड में कई साल पहले ‘मर’ चुका एक गैंगस्टर आटो चलाता हुआ मिला। वह बुलंदशहर में कई आपराधिक मामलों में वांछित चल रहा था।
बुलंदशहर के स्याना थाने की पुलिस ने उस पर गैंगेस्टर लगाया हुआ था। उसके ‘जिंदा’ होने की सूचना पर मसूरी पुलिस ने बुधवार को उसे गिरफ्तार कर बुलंदशहर कोर्ट में पेश किया।अब छानबीन की जा रही है कि किस पुलिसवाले ने उसके मृत होने की रिपोर्ट तैयार की थी।
एसओ मसूरी ने बताया कि पटियाला गांव निवासी यशपाल पर बुलंदशहर के स्याना थाने की पुलिस ने वर्ष 2006-07 में गैंगेस्टर में निरुद्ध किया था। पुलिस पिछले तीन सालों से उसकी तलाश कर रही थी। न मिलने पर पुलिस ने उसे मृत समझ लिया और इसकी रिपोर्ट बुलंदशहर भिजवा दी।
जब बुलंदशहर पुलिस ने कोर्ट में इस बाबत रिपोर्ट दी तो कोर्ट ने मृत्यु प्रमाण पत्र पेश करने को कहा। इस पर मसूरी पुलिस ने यशपाल की फिर तलाश की तो वह क्षेत्र में ही आटो चलाता मिल गया। मुखबिर की सूचना पर उसे पकड़ लिया और बुलंदशहर कोर्ट में पेश किया।