दिल्ली सचिवालय के सामने सोमवार को ऑटो रिक्शा चालक व मिनी बस ऑपरेटर्स धरना प्रदर्शन करेंगे। ऑटो रिक्शा संगठन का आरोप है कि सरकार को एक महीने से अधिक हो गए हैं लेकिन ऑटो रिक्शा संगठनों से किए गए वादे पूरे नहीं किए।
सीएनजी के दाम बढ़े, फिटनेस के लिए अतिरिक्त प्रशिक्षण शुल्क और ट्रैफिक पुलिस अगर तीन बार ऑटो रिक्शा बंद कर देती है तो एक महीने परमिट निलंबित करने का कानून लागू कर दिया है।
ऑटो रिक्शा संगठनों की अगुवाई करने वाले भारतीय प्राइवेट ट्रांसपोर्ट मजदूर महासंघ के अध्यक्ष राजेंद्र सोनी का कहना है कि विरोध प्रदर्शन दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक चलेगा।
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने सत्ता में आते ही संगठनों से मुलाकात करके समस्याएं सुलझाने का वादा किया था, लेकिन अभी तक कुछ नहीं हुआ है।
उनका कहना है कि सीएनजी कीमत घटाने का अधिकार दिल्ली सरकार के पास था लेकिन कुछ नहीं किया। सरकार उल्टे सुप्रीम कोर्ट चली गई। इससे मामला उलझ गया है।