फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ऑपरेशन के बाद खतरे में नौ लोगों के आंख की रोशनी

विज्ञापन
विज्ञापन
मोदीनगर के एक नेत्र चिकित्सालय में डाक्टर की लापरवाही के चलते नौ लोगों की आंखों की रोशनी खतरे में है। मंगलवार को पीड़ितों के परिजनों ने तहसील पर प्रदर्शन कर आरोपी चिकित्सक पर कार्रवाई की मांग की है।
विज्ञापन


एसडीएम ने तहसीलदार को जांच के आदेश दिए है। पीड़ितों का मोतियाबिंद का आपरेशन हुआ था। हापुड़ निवासी संजय, रॉकी, जयराम सिंह, साबिर अहमद, विनोद कुमार, आरिफ अहमद आदि मंगलवार को तहसील पहुंचे और प्रदर्शन किया।

एसडीएम अतुल कुमार को बताया कि हापुड़ के ताराचंद अस्पताल में पांच नवंबर को मोदीनगर के एक नेत्र चिकित्सक ने निशुल्क नेत्र जांच कैंप लगाया गया था। इसमें नौ लोगों को मोतियाबिंद से पीड़ित बताया गया था।
विज्ञापन
Trending Videos
विज्ञापन

तेज होने के बजाय कम हुई आंखों की रोशनी

छह नवंबर को मोतियाबिंद पीड़ित फूलवती, जुम्मा, राजेंद्री, जगवती, फरजाना, अमन खातून, शिक्षा देवी एवं लाला सिंह का मोदीनगर के नेत्र चिकित्सालय में आपरेशन किया गया। सभी मरीज हापुड़ की विभिन्न कॉलोनियों के रहने वाले हैं।

आपरेशन के लिए प्रत्येक मरीज से 2050 रुपये वसूल लिए गए। आपरेशन के दो दिन बाद सभी मरीजों को छुट्टी दे दी गई है। मरीजों ने बताया कि उन्हें आंखों से परेशानी होनी शुरू हो गई और अब उनकी रोशनी कम हो गई।

नौ नवंबर को मरीज दोबारा अस्पताल पहुंचे और डाक्टर से परेशानी बताई। पीड़ितों के परिजनों ने बताया कि चिकित्सक अस्पताल की एंबुलेंस से सभी मरीजों को दिल्ली एम्स ले गए. मगर वहां भी उनको संतोषजनक जवाब नहीं मिला। अब चिकित्सक भी पल्ला झाड़ रहा है।

एसडीएम ने बताया कि पीड़ित के परिजनों के अनुसार आपरेशन के बाद से उनकी आंख में लाली है, जो जा नहीं रही है और दिखाई देने में समस्या है। मामले की गंभीरता को देखते हुए तहसीलदार को जांच सौंपी गई है। जांच के दौरान अन्य नेत्र विशेषज्ञों की राय भी ली जाएगी। मामले में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती जाएगी।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें