संजय सिंह के समर्थक खुश
सांसद संजय सिंह लिवर से जुड़ी बीमारी के इलाज के लिए आईएलबीएस अस्पताल में भर्ती थे। अस्पताल में लिवर की बायोप्सी की गई है। इस जांच के बाद रिपोर्ट के आधार पर आगे का इलाज होगा। वहीं, सुप्रीम कोर्ट से जमानत की खबर सुनने के बाद संजय सिंह के समर्थक ढोल के साथ उनके सरकारी आवास पर पहुंचे। यहां उन्होंने संजय सिंह की पत्नी अनीता सिंह को शुभकामनाएं दीं।
संजय सिंह की पत्नी बोलीं- अभी संघर्ष जारी
पत्नी ने कहा कि यह संघर्ष लंबा है और आगे भी इसी तरह से जारी रहेगा। जब तक मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसौदिया और पूर्व स्वास्थ्य मंत्री सत्येन्द्र जैन जेल से बाहर नहीं आ जाते, तब तक संघर्ष जारी रहेगा। संजय सिंह के बाहर आने का हम जश्न नहीं मना रहे हैं। जमानत के लिए हम अदालत को धन्यवाद देते हैं। संभावना है कि संजय बुधवार को घर आ जाएंगे।
केजरीवाल-सिसोदिया के मामले में भी लाभ नहीं
संजय सिंह को जमानत मिलने के बाद माना जा रहा था कि इसी मामले में जेल में बंद चल रहे अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया को भी इसका लाभ मिल सकता है। लेकिन अदालत ने यह बिल्कुल स्पष्ट कर दिया है कि संजय सिंह को जमानत कोई नजीर नहीं बनेगी। यानी इसी आधार पर अरविंद केजरीवाल या मनीष सिसोदिया की रिहाई की मांग नहीं की जा सकेगी।
साथ ही, यह भी स्पष्ट कर दिया गया है कि संजय सिंह को जमानत मिलने के बाद भी इस केस की मेरिट पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। यानी संंजय सिंह पर मामला चलता रहेगा और इस मामले में प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर उसकी सुनवाई जारी रहेगी।
संजय सिंह को इन शर्तों के साथ रिहाई
सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने के बाद सांसद व आप नेता संजय सिंह पर विशेष अदालत ने कई शर्तें लगाई है। राऊज एवेन्यू कोर्ट के विशेष न्यायाधीश कावेरी बावेजा ने उन्हें निर्देश दिया कि वे सबूतों के साथ छेड़छाड़ नहीं करेंगे और गवाहों को भी प्रभावित करने की कोशिश नहीं करेंगे। साथ ही राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र से बाहर जाने पर अपना लोकेशन जांच अधिकारी से साथ साझा करेंगे। उसके अलावा अपने कार्यक्रम की जानकारी भी देंगे। मालूम हो कि सुप्रीम कोर्ट ने जमानत देने के बाद उनपर शर्त लगाने की जिम्मेवारी निचली अदालत पर छोड़ दी थी।
जमानत मिली, लेकिन बेदाग नहीं हुए: भाजपा
दिल्ली भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने अमर उजाला से कहा कि संजय सिंह को जमानत दी गई है। इस पर आम आदमी पार्टी इस तरह से जश्न मना रही है कि जैसे उन्हें बाइज्जत बरी कर दिया गया है। लेकिन अदालत ने भी यह स्पष्ट कर दिया है कि इस मामले की सुनवाई जारी रहेगी। यानी अदालत ने उन्हें बाइज्जत बरी नहीं किया है। उन्होंने कहा कि उन्हें देश की न्याय व्यवस्था पर पूरा भरोसा है और वे मानते हैं कि शराब घोटाले में शामिल सभी आरोपियों को देर-सबेर सजा अवश्य मिलेगी।
वीरेंद्र सचदेवा ने कहा कि आम आदमी पार्टी के नेता लगातार ये अनर्गल आरोप लगाते रहे हैं कि भाजपा के इशारे पर उनके नेताओं पर कार्रवाई की जा रही है। लेकिन अब संजय सिंह को जमानत मिलने के बाद वे अदालत पर भरोसा जता रहे हैं। उन्होंने कहा कि इससे स्पष्ट होता है कि हमारे देश में अदालतें स्वतंत्र रूप से काम करती हैं। और उनकी कार्यप्रणाली और उनके निर्णयों पर आम आदमी पार्टी के नेताओं को अनर्गल-बेतुके आरोप नहीं लगाने चाहिए।