फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नए मसले पर AAP ने एलजी को दी कड़ी चेतावनी

विज्ञापन
विज्ञापन
महिला सुरक्षा मसले पर आम आदमी पार्टी (आप) ने मंगलवार को उपराज्यपाल नजीब जंग पर निशाना साधा है। पार्टी का कहना है कि दिल्ली सरकार की बसों में मार्शल तैनात करने की योजना है। इसके लिए करीब चार हजार होमगार्ड की जरूरत है। लेकिन एलजी होमगार्ड देने को तैयार नहीं हैं।
विज्ञापन


पार्टी ने उपराज्यपाल एलजी को चेतावनी दी कि अगर एक हफ्ते के भीतर इसका फैसला नहीं हुआ तो पार्टी राज निवास के साथ प्रधानमंत्री और गृहमंत्री के आवास का घेराव करेगी। महिला सुरक्षा के मसले पर पार्टी किसी तरह का समझौता नहीं करने वाली है।

‘आप’ के दिल्ली प्रदेश संयोजक दिलीप पांडेय ने पटेल नगर स्थित पार्टी कार्यालय पर पत्रकार वार्ता में कहा कि लोकसभा चुनाव के दौरान भाजपा ने जोर-शोर से महिला सुरक्षा का मुद्दा उठाया था। इसके लिए बड़े-बड़े वादे भी किए गए थे लेकिन एक साल बाद फिलहाल सभी वादे जुमले साबित हुए हैं।
विज्ञापन


आरोप लगाया कि निर्भया फंड के दो हजार करोड़ रुपये कहां खर्च हो रहे हैं, इसकी जानकारी किसी को नहीं है। दिल्ली में महिला पुलिस स्टेशन बनाने का वादा भुला दिया गया है। देश के सभी जिलों में रेप पीड़ितों के लिए सेंटर बनाने की योजना भी फाइलों में गुम है।
Trending Videos
विज्ञापन

मार्शल नहीं मिले तो पार्टी करेगी आंदोलन

वहीं, महिलाओं की सुरक्षा के लिए केंद्रीय बजट में सिर्फ सौ करोड़ रुपये का प्रावधान हुआ। जबकि वीआईपी सुरक्षा के नाम पर छह सौ करोड़ रुपये। दूसरी तरफ ‘आप’ ने दिल्ली चुनाव में महिला व बच्चों की सुरक्षा के लिए बसों में सीसीटीवी लगवाने के साथ मार्शल तैनात करने का वादा किया था।

चार महीने के भीतर दोनों वादों पर संजीदगी से काम हुआ। 200 बसों में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर सीसीटीवी लगाया गया है। वहीं, मार्शल की तैनाती के लिए भी योजना तैयार है। इसके लिए सिर्फ चार हजार होमगार्ड देने की एलजी को मंजूरी देनी है।

दिल्ली सरकार ने पहले मई फिर जून में इसके लिए गुजारिश की थी। लेकिन दोनों बार उनका जवाब नकारात्मक मिला। दूसरी तरफ इस मसले पर बात करने लिए पार्टी ने एलजी से मुलाकात का समय मांगा था। लेकिन उन्होंने अभी तक समय नहीं दिया है।

वरिष्ठ नेता संजय सिंह ने बताया कि पार्टी इस मसले पर गंभीर है। अगर एक हफ्ते के भीतर होमगार्ड नहीं मिले तो पार्टी को आंदोलन के लिए बाध्य होना पड़ेगा। पार्टी की सभी यूनिटों के सदस्य इसके बाद राज निवास समेत पीएम व गृहमंत्री के आवास का घेराव करेंगे।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें