किसी तरह महिला ने आसपास से लोगों को बुलाया और फौरन मासूम को जीटीबी अस्पताल की इमरजेंसी लेकर पहुंचे। वहां उसका इलाज शुरू हुआ, लेकिन मासूम की जान नहीं बच सकी। अगले दिन मासूम ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। मृतका की शिनाख्त आरती (5) के रूप में हुई है।
पुलिस ने सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिवार के हवाले कर दिया है। जीटीबी एंक्लेव थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है। हादसे के बाद से आरती के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। आरती दो भाइयों की अकेली बहन थी। घटना के बाद वाइल्ड लाइफ टीम को सांप की सूचना दे दी गई है।
पुलिस के मुताबिक मूलरूप से गांव दरार, आगरा, यूपी की रहने वाली आरती अपने परिवार के साथ जीटीबी एंक्लेव अस्पताल परिसर में रहती थी। इसके परिवार में पिता गंर्धव सिंह, मां रुकसाना, दो भाई रोहित (8) और मोहित (6) हैं। गंर्धव पीडब्ल्यूडी में चौकीदार हैं। अस्पताल परिसर में ही इसका दफ्तर है।
गंर्धव ने अस्पताल में खाली पड़े स्थान पर झुग्गी बनाई थी। इसका परिवार इसी में रहता है। रुकसाना मूक-बधिर है। पिछले कुछ दिनों से रोहित के पैर में कुछ दिक्कत थी। उसे एलएनजेपी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। गंर्धव उसके पास ही रुका हुआ था। गत शुक्रवार को आरती मां के साथ अपने घर में सो रही थी।
इस बीच सुबह के समय उसे अचानक जहरीले सांप ने काट लिया। रुकसाना की आंख खुली तो उसने सांप को जाते हुए देखा। मासूम अचेत थी। उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान शनिवार को उसकी मौत हो गई। पुलिस ने सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद आरती का शव परिवार को सौंप दिया है।