चुनाव में मौका नहीं मिलने से नाराज बागी नेताओं की मान मनौव्वल में तीनों ही शीर्ष पार्टियां जुटी हुई हैं। दो दिन से रूठने मनाने का सिलसिला जारी है। बृहस्पतिवार को भी भाजपा, आप और कांग्रेस के कई बड़े वरिष्ठ नेता बागियों की चौखट पर पहुंचे और उनसे वापस पार्टी की गतिविधियों से जुड़ने की अपील की।
तीनों ही पार्टियों की ओर से उम्मीदवारों की सूची आने के बाद कई नेता बागी हो गए थे। आप से तीन तो भाजपा के चार चेहरे इस समय पार्टी से नाराज चल रहे हैं। कांग्रेस नेता भी कई बागियों के घर जाकर उन्हें प्रत्याशियों का समर्थन करने के लिए मना रहे हैं। इनमें से कुछ बागी नेता ऐसे भी हैं जिन्होंने दूसरे दल या फिर निर्दलीय पर्चा दाखिल कर अपनी ही पार्टी के उम्मीदवार को खुली चुनौती दे डाली है। ऐसे में पार्टियों के तमाम नेता इनके गुस्से को दूर कर नामांकन पत्र वापस लेने की मेहनत में जुटे दिखाई दे रहे हैं।
चुनाव आयोग के अनुसार, शुक्रवार तक ही नामांकन पत्र वापस लिए जाएंगे। इसलिए सभी पार्टियों के पास अब कुछ ही घंटों का समय शेष है। इसके बाद किसी भी प्रत्याशी का नामांकन पत्र वापस नहीं होगा। हालांकि, आखिरी वक्त में कई कद्दावर नेता नाम वापस भी ले सकते हैं।