देहरादून। आबकारी विभाग के अधिकारी पर शादी का झांसा देकर दुष्कर्म के आरोप में मुकदमा दर्ज करवाने वाली महिला ने महिला आयोग में भी शिकायत दी है। शिकायत में पुलिस पर भी मिलीभगत के आरोप लगाए गए है। महिला ने अपने प्रोफाइल, बैंक बैलेंस, लाइफ स्टाइल की जानकारी साझा की और बताया कि, वह लाचार, अबला नहीं है। बल्कि, स्वतंत्र और संपन्न जिंदगी जीने वाली सक्षम महिला है। आबकारी विभाग के अधिकारी ने अपने खिलाफ मुकदमा दर्ज होने के बाद महिला के खिलाफ ब्लैकमेलिंग के आरोप में मुकदमा दर्ज करवाया था।
बता दें, बीते दिनों महिला ने आबकारी अधिकारी (सहायक आयुक्त) मनोज कुमार उपाध्याय के खिलाफ (गुरुग्राम) हरियाणा में दुष्कर्म सहित अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज करवाया था। हरियाणा में जीरो एफआईआर होने के बाद मुकदमे को देहरादून डालनवाला कोतवाली देहरादून ट्रांसफर कर दिया गया था। महिला का आरोप है कि सोशल साइट के जरिए उनकी जान पहचान हुई थी। 2017 से 2020 तक संपर्क रहा। मनोज उपाध्याय ने शादी का झांसा देकर कई बार दुष्कर्म किया। इसके दो दिन बाद 25 जनवरी को मनोज उपाध्याय ने महिला के खिलाफ डालनवाला कोतवाली में ब्लैकमेलिंग का मुकदमा दर्ज करवाया। महिला का कहना है कि मनोज उपाध्याय ने उस पर जो आरोप लगाए वह गलत हैं। महिला ने अपने बारे में जानकारी दी और खुद के प्रोफाइल और लाइफ स्टाइल की जानकारी देते हुए खुद को सक्षम महिला बताया। महिला के अनुसार पहले समझौता करने का प्रयास किया गया और अब मुकदमा वापस लेने के लिए डराया धमकाया जा रहा है। महिला ने महिला आयोग को दी शिकायत में सिलसिले वार घटनाक्रम की जानकारी देकर न्याय की मांग की है।