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उत्तराखंड: अब पूरे प्रदेश में पुलिसकर्मियों को मिलेगा साप्ताहिक अवकाश, एक मई से लागू होगा आदेश  

Tue, 02 Feb 2021 08:50 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

  • पुलिस कांफ्रेंस में डीजीपी ने दी मंजूरी, कांस्टेबल व हेड कांस्टेबल को मिलेगी सुविधा 
  • एक जनवरी से ट्रायल के रूप में नौ पहाड़ी जनपदों में लागू है अवकाश की व्यवस्था
     
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उत्तराखंड पुलिस - फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
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विस्तार
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उत्तराखंड के डीजीपी अशोक कुमार ने पुलिसकर्मियों को एक और तोहफा दिया है। उन्होंने साप्ताहिक अवकाश को बाकी चार जिलों में भी एक मई से लागू करने की मंजूरी दे दी है। कांस्टेबल और हेड कांस्टेबल के लिए यह सुविधा फिलहाल ट्रायल के रूप में नौ पहाड़ी जनपदों में लागू थी।

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यह निर्णय मंगलवार को पुलिस मुख्यालय में आयोजित अधिकारियों के साथ कांफ्रेंस में लिया गया। डीजीपी अशोक कुमार ने बताया कि लंबे समय से पुलिस अधिकारियों के साथ कोई कांफ्रेंस नहीं हुई थी। इस बार प्रदेश के सभी अधिकारी इसमें शामिल हुए थे।

उन सभी से कहा गया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में कार्य की गुणवत्ता में बढ़ोतरी करें। इसके अलावा अधिकारियों से यह जानकारी भी ली गई है कि उन्हें मुख्यालय से क्या-क्या अपेक्षाएं हैं। इस दौरान कई तरह के मुद्दों पर चर्चा हुई, जिनमें से कई में सहमति दी गई है। 
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उन्होंने बताया कि पुलिसकर्मियों को मानसिक राहत दिए जाने के लिए अवकाश की बात लंबे समय से की जा रही थी। पिछले दिनों प्रदेश के नौ पहाड़ी जनपदों में पुलिस चौकियों और थानों में तैनात कांस्टेबल और हेड कांस्टेबलों के लिए साप्ताहिक अवकाश का ट्रायल शुरू किया गया था।

यह उम्मीदों पर खरा उतरा है। लिहाजा, देहरादून, हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर और नैनीताल में भी कांस्टेबल और हेड कांस्टेबलों के लिए यह सुविधा एक मई से लागू की जाएगी। यह अवकाश उनके ड्यूटी प्रभारी ही रोटेशन के आधार पर तय करेंगे।

अच्छे काम पर पुरस्कार, बुरे के लिए दंड 
डीजीपी ने अधिकारियों से कहा कि पुलिस इस वक्त बेहतर काम कर रही है। इसके लिए शासन स्तर पर भी पुलिस के कामों की प्रशंसा हुई है। ऐसे में यह जज्बा जारी रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि अच्छे काम के लिए पुरस्कार दिया जाता है। तो कोताही और लापरवाही पर दंड भी दिया जाएगा। फिर चाहे वह किसी भी रैंक का अधिकारी क्यों न हो। 

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