आदिबदरी क्षेत्र में शीतलहर से कांपे लोग
दो दिनों की बारिश से आदिबदरी क्षेत्र में शीतलहर का प्रकोप है। ऊंचाई वाले 12 गांवों में हिमपात से लोग घरों में कैद हो गए हैं। पंडाव, डांडा, मज्याडी, सिलपाटा, प्यूंरा, लंगटाईं, पज्याणा, मालसी, चोरणा, पिंडवाली में भारी हिमपात हुआ है। हिमपात से मवेशियों को चारा लाने में दिक्कत हो रही है। लोग घरों पर बैठने के लिए मजबूर हैं। गेंहू के लिए इस बारिश व बर्फबारी को वरदान माना जा रहा है। गुरुवार दोपहर से दिवालीखाल में भारी बर्फबारी से रानीखेत-कर्णप्रयाग राजमार्ग बंद हो गया था, जिस कारण कई लोग खेती व जंगलचट्टी से आगे नहीं जा पाए। आदिबदरी में पुलिस ने एहतियातन वाहनों को आदिबदरी में बैरियर लगाकर रोक लिया था। अभी भी वाहनों को आगे नहीं जाने दिया जा रहा है। जेसीबी मशीनों से बर्फ हटाने का कार्य जारी है।
कीर्तिनगर और देवप्रयाग के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फ से ढके गांव
ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी और बारिश से कड़ाके की ठंड पड़ रही है। विकास खंड कीर्तिनगर और देवप्रयाग के चंद्रबंदनी, नैखरी, टोला, ग्वाड़, कुनियाड़, रिगोली, खोंगचा, पाणव, धारपंयकोटी और लोस्तू क्षेत्र में पहाड़ियां, खेत-खलिहान और आंगन बर्फ से ढक गए हैं। भारी बर्फबारी से सिल्काखाल-खोंगचा-पाणव, रिगोली मल्ली और नैखरी-चंद्रबदनी मोटर मार्ग अवरुद्ध हो गए हैं। इससे क्षेत्र के लोगों की परेशानी बढ़ गई है। नैखरी डिग्री कॉलेज से चंद्रबदनी तक तक पांच किलोमीटर क्षेत्र में बर्फ जमी हुई है। इसके बावजूद श्रद्धालु व पर्यटक यहां पहुंच रहे हैं।
बर्फबारी से लोहाजंग-वाण और घेस-हिमनी सड़क बंद
बर्फबारी से लोहाजंग-वाण और घेस-हिमनी सड़क बंद हो गई है। 30 गांव बर्फ से ढक गए तथा लोहाजंग, वाण, कुलिंग, वांक हिमनी में बिजली की सप्लाई ठप हो गई है। गांवों में दो से तीन फीट बर्फबारी होने से चुनाव प्रचार में गई टीमें भी गांव में फंस गई हैं। ब्रह्मताल, वेदनी में भारी बर्फबारी से पर्यटक लोहाजंग में ही रुके हैं। लोहाजंग के इंद्र राणा ने कहा कि यातायात बंद होने से लोहाजंग-वांण सड़क पर कई वाहन फंसे हैं। लोनिवि के ईई अजय काला ने कहा कि बर्फ हटाने के लिए जेसीबी भेज दी है। वहीं ऊर्ज निगम के जेई प्रकाश गैरोला ने कहा कि लोहाजंग-वांण और हिमनी में बिजली लाइन क्षतिग्रस्त हो गई है। जल्द लाइन की मरम्मत का काम शुरू कर दिया गया है।
हरिद्वार: बारिश ने रोके सैलानियों के कदम
दो दिन से हो रही बारिश ने सैलानियों के कदम भी रोक दिए हैं। हालत यह है कि जंगल सफारी को चीला में कोई भी पर्यटक नहीं पहुंचा। अब शनिवार से ट्रैक का निरीक्षण करने के बाद ही आगे से जंगल सफारी पर निर्णय लिया जाएगा।
दो दिन से नैनीताल में बर्फबारी से जहां सैलानी खुश हैं वहीं स्थानीय लोगों की परेशानी बढ़ गई हैं। नैनीताल में एक से दो फुट तक बर्फ गिरी है। बिजली-पानी व्यवस्था ठप है। संचार सुविधाओं पर भी असर पड़ा है। जिले के सात मार्ग बंद हैं।
नैनीताल और भीमताल मार्ग पर घंटों लगा जाम
भीमताल पुल के समीप पत्थर गिरने से शुक्रवार को वाहन रोके गए। जिस वहज से बर्फबारी देखने के लिए जा रहे वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। पुलिस ने गैर जिलों के वाहनों को दोपहर बाद जिले के सीमा क्षेत्र से लौटाया। बर्फबारी देखने के लिए पर्यटकों की इतनी भीड़ उमड़ कि हल्द्वानी डिपो की पिथौरागढ़, गंगोलीहाट, बबियाड़, रीठा और नैनीताल की बसें भी जाम में फंस गईं। शुक्रवार को कोई बस नैनीताल नहीं जा सकीं।
बस स्टेशन पर यात्री परेशान
वहीं बर्फबारी देखने के लिए मसूरी, धनोल्टी, चकराता, नैनीताल, औली सहित अन्य पर्यटक स्थलों पर पर्यटकों की भीड़ भी उमड़ रही है। जिसके चलते जगह-जगह जाम की स्थिति पैदा हो रही है। नैनीताल जाने के लिए पर्यटकों का हुजूम उमड़ पड़ा है। जिस कारण काठगोदाम सड़क पर लगातार जाम में वाहन फंस रहे हैं। काठगोदाम से लेकर नैनीताल-भीमताल मार्ग पर जगह-जगह जाम लगने के कारण रोडवेज बसों का संचालन भी प्रभावित हो गया है।
इसी के चलते हल्द्वानी के रोडवेज बस स्टेशन पर नैनीताल जाने के लिए यात्री परेशान है। वहीं कई जगह बारिश से जलभराव की स्थिति हो गई है। हल्द्वानी में रात्रि से हो रही बरसात के चलते एमबीपीजी कॉलेज निर्वाचन कार्यालय के मैदान में जलभराव हो गया है। इसके अलावा चंपावत और लोहाघाट की विद्युत सेवा पिथौरागढ़ कंत गांव के पास भारी बर्फबारी से बाधित हो गई है। गढ़वाल और कुमाऊं में भारी बर्फबारी वाले क्षेत्रों में जिला प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
थल-मुनस्यारी सड़क कालामुनि में बंद
बर्फबारी की वजह से पिथौरागढ़ जिले में थल-मुनस्यारी सड़क कालामुनि में बंद हो गई है। शुक्रवार को टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग आठ घंटे बंद रहा। वहीं मलबा आने से स्वांला में मार्ग दो बार बंद रहा। बागेश्वर में कपकोट की पिंडर घाटी और बिचला दानपुर में बर्फबारी ने परेशानी बढ़ा दी है।
भारी वर्षा और बर्फबारी की चेतावनी को देखते हुए एसडीआरएफ ने अलर्ट जारी किया है। प्रदेशभर में 22 जगहों पर तैनात एसडीआरएफ की टीमों को अलर्ट मोड पर रखा गया है।
2500 मीटर से ऊंचाई वाले स्थान के साथ नैनीताल, चंपावत और ऊधमसिंह नगर जनपदों में भारी से बहुत भारी वर्षा, गर्जन के साथ ओलावृष्टि, आकाशीय बिजली चमकना तथा गढ़वाल परिक्षेत्र के देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी में भारी वर्षा, गर्जन के साथ ओलावृष्टि, आकाशीय बिजली चमकने की संभावना है। इसके साथ ही 2500 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले स्थानों में बर्फबारी होने का अलर्ट जारी किया गया है।
यहां अलर्ट पर है एसडीआरएफ
देहरादून - सहस्त्रधारा, चकराता
टिहरी- ढालवाला (ऋषिकेश), कोटि कॉलोनी, ब्यासी(कौड़ियाला)
उत्तरकाशी- उजेली, भटवाड़ी, बड़कोट
पौड़ी गढ़वाल - श्रीनगर, कोटद्वार, सतपुली
चमोली- गौचर, जोशीमठ
रुद्रप्रयाग- रतूड़ा, सोनप्रयाग
पिथौरागढ़ - पिथौरागढ़, अस्कोट
बागेश्वर- कपकोट
नैनीताल- नैनी झील, खैरना
अल्मोड़ा- सरियापानी
ऊधमसिंहनगर - रुद्रपुर