दरअसल, लोकसभा चुनाव से पहले भाजपा के पक्ष में वातावरण बनाने के लिए उत्तराखंड में सरकार और संगठन के मोर्चे पर अभियान तेज हो गए हैं। सरकार का मोर्चा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने संभाल रखा है। धामी पिछले दो महीनों से इस मोर्चे पर काफी सक्रिय हैं। केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं, नीतियों और जनहित से जुड़े फैसलों को लेकर वे जनता के बीच में जा रहे हैं। राज्य के तकरीबन सभी जिलों का वह दौरा कर चुके हैं। अपने इन दौरों से उन्होंने सबका ध्यान इसलिए भी अपनी ओर खींचा क्योंकि हर जिले में उनके दौरे की थीम मातृशक्ति पर केंद्रित है। बीते दिनों ईजा-बैंणी महोत्सव, नंदा गौरा महोत्सव, मातृशक्ति महोत्सव और संग्ज्यू में धामी की धमक दिखी।
उन्होंने पहाड़ की लोक परंपरा और संस्कृति के साथ राज्य की महिलाओं को आत्मनिर्भर और स्वावलंबी बनाने का भी आह्वान किया। इसके बाद से सोशल मीडिया पर उनकी अलग-अलग रंगों में तस्वीरें वायरल हो रही हैं। उनके इस नए अवतार की सियासी हलकों में अब खूब चर्चाएं हो रही हैं। राजनीतिक जानकार इसे राज्य की आधी आबादी को साधने की कवायद के तौर पर देख रहे हैं।