बेल्जियम की राजधानी ब्रुसेल्स में हुए सिलसिलेवार बम धमाकों में दून निवासी सुशील धर की बेटी और दामाद बाल-बाल बच गए। फोन लाइन ठप होने की वजह से दोपहर तक दोनों से संपर्क नहीं हो पाया तो परिवार में माहौल गमगीन हो गया।
शाम को करीब साढ़े पांच जब बेटी और दामाद ने खुद के सुरक्षित होने की जानकारी दी तो सुशील धर और उनकी पत्नी कुसुम धर की जान में जान आई। हालांकि अभी वह ब्रुसेल्स में ही फंसे हैं।
जेट एयरवेज में मैनेजर हैं दोनों
दून के विजय पार्क निवासी सुशील धर की बेटी राशि दरमेश जिना जेट एयरवेज में इन फ्लाइट मैनेजर और दामाद दरमेश जिना जेट एयरवेज में सीनियर मैनेजर हैं। दो दिन पहले वह मुंबई से ब्रुसेल्स गए थे। वहां से न्यूयॉर्क गए।
ब्रुसेल्स में सिलसिलेवार बम धमाकों के दौरान उनकी फ्लाइट लैंड की। धमाके होने के बाद ब्रुसेल्स से लोगों का संपर्क कट गया। सुशील ने टीवी पर खबर देखी तो तुरंत बेटी और दामाद का हालचाल जानने को फोन मिलाया, लेकिन संपर्क नहीं हो पाया। इससे परिवार में दहशत हो गई।
शाम साढ़े पांच बजे सुशील का दामाद और बेटी से संपर्क हुआ। दोनों ने उन्हें बताया कि वह सकुशल हैं। हालांकि अभी वह कितने दिन तक वहां फंसे रहेंगे, इसकी जानकारी नहीं है।