होली पर घर जाने वालों के लिए अब एकमात्र सहारा तत्काल आरक्षण रह गया है, क्योंकि सभी ट्रेनों में सभी क्लास में लंबी वेटिंग है।
17 जोड़ी होली स्पेशल ट्रेन चलाने की घोषणा
इस कारण आरक्षण को लेकर बेहद मारामारी है। सिफारिश पर सिफारिश ने रेलवे प्रशासन की नाक में दम कर दिया है।
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रेलवे ने होली के दौरान 17 जोड़ी होली स्पेशल ट्रेन चलाने की घोषणा की। लेकिन किसी भी होली स्पेशल ट्रेन का लाभ रुड़की के लोगों को नहीं मिला।
वहीं दूसरी ओर होली के आसपास की तारीखों में ट्रेनों में लंबी वेटिंग है। लंबी दूरी की लखनऊ चंडीगढ़ व सियालदह समेत ट्रेनों में नो रुम की स्थित है। अधिकारी भी होली के दौरान वेटिंग के टिकट कंफर्म न होने की बात कह रहे हैं।
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ऐसे में होली पर घर जाने वाले यात्रियों की नजर तत्काल आरक्षण पर गड़ी है। स्टेशन अधीक्षक केएस गुंज्याल ने बताया कि कई ट्रेनों तत्काल कोटे के अंतर्गत काफी संख्या में बर्थ हैं।
ट्रेवल एजेंट एंठ रहे मोटा पैसा
ट्रेनों में लंबी वेटिंग से ट्रेवल एजेंट के चेहरे खिले हुए हैं। एजेंट यात्रियों को तत्काल आरक्षण गारंटी के साथ उपलब्ध कराने के नाम पर मोटा पैसा ऐंठ रहे हैं। यात्री भी मजबूरन होली पर घर जाने की चाहत में अपनी जेब ढीली कर रहे हैं।
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एजेंट ट्रेनों के स्पलीर क्लास के किराए के अतिरिक्त पांच सौ से आठ सौ रुपये वसूल रहे हैं। वही एसी क्लास में तत्काल आरक्षण का बारह सौ से दो हजार रुपए तक वसूला जा रहा है।
लंबी दूरी के यात्री ध्यान दें
यात्री ध्यान रखे कि तत्काल आरक्षण ट्रेन के शुरू होने वाले दिन से एक दिन पहले होता है।