इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा ज्वाइंट एंट्रेंस एग्जामिनेशन (जेईई) मेन-2 में प्रश्नपत्र में कठिनता-सरलता का स्तर एक समान होगा। न तो पैटर्न में कोई बदलाव होगा और न ही प्रश्नों की कठिनता के स्तर में कोई तब्दीली की गई है। सभी परीक्षा केंद्रों पर सघन चेकिंग होगी। इसके लिए केंद्रों के दरवाजे परीक्षा से करीब ढाई घंटे पहले खुल जाएंगे।
जेईई मेन का आयोजन अप्रैल में होगा। परीक्षा ठीक 9:30 बजे शुरू हो जाएगी। इससे पहले सात बजे से सभी परीक्षा केंद्रों के दरवाजे खुल जाएंगे। सभी केंद्रों पर सघन चेकिंग के बाद ही एंट्री मिलेगी। परीक्षा का ड्रेस कोड लागू रहेगा।
लिहाजा, सभी उम्मीदवारों से परीक्षा से ठीक पहले ड्रेस कोड से संबंधित जानकारी लेनी जरूरी है। इसमें हल्के रंग के कपड़े, जूतों के बजाय खुले चप्पल, नोजपिन और घड़ी पहनने पर प्रतिबंध शामिल है। जेईई मेन-2 में हालांकि अंतिम एंट्री 9:30 बजे की रखी गई है, लेकिन उम्मीदवारों को सलाह दी गई है कि वह परीक्षा के लिए समय से पहुंच जाएं।
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) ने यह भी साफ कर दिया है कि परीक्षा का पैटर्न बीते वर्षों के जैसा ही होगा। पैटर्न में कोई भी तब्दीली नहीं की गई है। सवालों की कठिनता का स्तर भी परीक्षा के सभी प्रश्नपत्रों में समान होगा।
यानी किसी छात्र को चाहे ए सेट मिले या डी, सभी में प्रश्न समान आएंगे। परीक्षा विशेषज्ञ विपिन बलूनी के मुताबिक अभ्यर्थियों को चाहिए कि वह परीक्षा के लिए कम से कम दो घंटे पहले घर से निकल जाएं। देरी से पहुंचने पर पेपर छूटने या एंट्री न मिलने की समस्या का सामना करना पड़ सकता है।