आमतौर पर जब स्टंट बाइकिंग की बात होती है तो एक बिगड़ैल से दिखने वाले बाइक सवार की छवि दिमाग में बनती है। यही नहीं धीरे-धीरे इनकी छवि हुड़दंगियों और लोगों को परेशान करने वाले की भी बन गई है।
लेकिन क्या आप जानते हैं अब स्टंट बाइकिंग एक पेशे का रूप ले चुका है? आज स्टंट बाइकिंग की बदौलत कई युवाओं ने पैसे कमाने शुरू कर दिए हैं।
अमर उजाला की टीम जब देहरादून में पड़ताल को निकली तो हमें बताया गया कि यह सुबह ६ बजे किसी सुनसान जगह पर मिलेंगे। ऐसा इसलिए क्योंकि इनकी टीम मानती है कि इस वजह से आम लोगों को परेशानी न हो।
राजधानी दून में इन बाइकर्स का एक ग्रुप है। इस ग्रुप के कई सदस्य २०१३ में पंजाब के एलपीयू यूनिवर्सिटी में स्टंट बाइकिंग की प्रतियोगिता में हिस्सा ले चुके हैं। यही नहीं नोएडा में अभी २०१४ में हुए एक्सडीएल में इनके ग्रुप से एक सदस्य ने खिताब भी जीता है।