सूचना आयुक्त भट्ट के आदेश पर कार्रवाई शुरू
आपको बता दें कि मंगलवार को राज्य सूचना आयोग में श्रीदेव सुमन विवि की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन की बड़ी लापरवाही सामने आई थी। परीक्षकों ने उन सवालों के उत्तर पर भी अंक दे दिए थे, जो गलत थे। कई सवाल ऐसे थी सामने आए थे, जिनका मूल्यांकन ही नहीं किया गया था। मामले को राज्य सूचना आयुक्त योगेश भट्ट ने गंभीर चूक मानते हुए विवि कुलसचिव को व्यक्तिगत पेशी के आदेश दिए थे। लोक सूचना अधिकारियों पर दस हजार का जुर्माना लगाया था। पूरे मामले में अपीलार्थी के खर्च की भरपाई विवि से करने को लेकर कुलपति से भी जवाब मांगा था।
शिक्षा मंत्री ने भी दिए कार्रवाई के निर्देश
श्रीदेव सुमन उत्तराखंड विश्वविद्यालय में उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन में हुई गड़बड़ी को उच्च शिक्षा मंत्री डाॅ. धन सिंह रावत ने गंभीरता से लिया है। उन्होंने विश्वविद्यालय के कुलपति को इस संबंध में जांच के निर्देश दिए हैं। डाॅ. रावत ने उत्तर पुस्तिकाओं का गलत मूल्यांकन करने वाले परीक्षकों कोे दस साल के लिए मूल्यांकन कार्य बाहर करने के निर्देश दिए थे। उन्होंने कुलपति को विश्वविद्यालय में स्थाई परीक्षा नियंत्रक की नियुक्ति करने को भी कहा है। शिक्षा मंत्री ने कहा, जांच में जो भी पहलू सामने आएंगे, उसके मुताबिक ठोस कार्रवाई की जाएगी। ताकि भविष्य में दोबारा ऐसी गलती न हो सके। विभागीय मंत्री ने विश्वविद्यालय में स्थाई परीक्षा नियंत्रक न होन पर नाराजगी जताई। उन्होंने विश्वविद्यालय के कुलपति को स्थाई परीक्षा नियंत्रक की नियुक्ति के लिए शीघ्र विज्ञप्ति जारी करने के लिए भी कहा।
निजी शिक्षण संस्थानों में शिक्षकों का होगा सत्यापन
उच्च शिक्षा मंत्री डाॅ. धन सिंह रावत ने बताया कि शैक्षिक गुणवत्ता को देखते हुए श्रीदेव सुमन विश्वविद्यालय से सम्बद्ध सभी निजी शिक्षण संस्थानों में कार्यरत फैकल्टी का भौतिक सत्यापन किया जाएगा। जिससे यह पता लगाया जा सकेगा कि निजी शिक्षण संस्थानों में तैनात फैकल्टी की यूजीसी एवं विश्वविद्यालय के नियमों के अनुरूप नियुक्त की गई है या नहीं। उन्होंने कहा, जिन संस्थानों में यूजीसी के मानकों के अनुरूप फैकल्टी की तैनाती नहीं पाई जाएगी, उन संस्थानों की मान्यता मानक पूर्ण करने तक निलंबित रखी जाएगी। मंत्री ने इस संबंध में विश्वविद्यालय प्रशासन को एक उच्च स्तरीय कमेटी गठित कर सभी सम्बद्ध निजी संस्थानों की जांच के निर्देश दिए हैं।