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ट्रक की टक्कर से बच्चे की मौत पर बवाल, लाठीचार्ज के बाद पुलिसकर्मियों पर पथराव, दरोगा का सिर फटा

Sun, 25 Aug 2019 05:20 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रुद्रपुर
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ट्रक की टक्कर के बाद बवाल - फोटो : अमर उजाला
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उत्तराखंड के रुद्रपुर में छतरपुर गांव में शनिवार देर रात को रेता लेकर जा रहे ट्रक ने साइकिल सवार किशोर को रौंद दिया। किशोर की मौत से भड़के लोगों ने पुलिस पर पथराव कर दिया। पुलिस ने भीड़ को तितर- बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया।

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पथराव में एक दरोगा का सिर फट गया और एसपी सिटी सहित पांच पुलिसकर्मी चोटिल हो गए। ट्रक में तोड़फोड़ और आगजनी की कोशिश भी की गई। गुस्साई भीड़ ने दो स्कूटियों में भी तोड़फोड़ की। घटना के बाद गांव में तनाव को देखते हुए भारी फोर्स तैनात कर दी गई है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी में भिजवा दिया है। 

शनिवार रात को ग्राम छतरपुर निवासी शोभित (14) पुत्र मदन साइकिल से घर जा रहा था। इसी बीच, पीछे से आ रहे ट्रक ने साइकिल सवार शोभित को कुचल दिया। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद चालक और हेल्पर ट्रक को मौके पर छोड़कर भाग गए। सूचना मिलने पर घटनास्थल पर भारी भीड़ जमा हो गई और एसपी सिटी देवेंद्र पींचा और कोतवाल केसी भट्ट भी पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। 

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दो स्कूटियों को भी क्षतिग्रस्त किया

इसी दौरान भीड़ में शामिल लोगों ने ट्रक में तोड़फोड़ कर इसके प्रेशर पाइप को निकालकर ट्रक में आग लगाने की कोशिश की। पुलिस भीड़ को समझाने लगी। इससे भीड़ में से घटनास्थल के पास स्थित खेतों से कुछ लोगों ने पुलिस पर पथराव कर दिया। इसी दौरान एक पत्थर एसपी सिटी देवेंद्र पींचा के कंधे पर लग गया।
 
मामला बिगड़ता देख पुलिसकर्मियों ने भी भीड़ को हटाने के लिए लाठीचार्ज शुरू कर दिया। पुलिस से बचने के लिए लोग खेतों की तरफ भाग गए। इसके बाद भीड़ ने फिर से पुलिसकर्मियों पर ईंटें, पत्थरों की बौछार शुरू कर दी।
 
पथराव में रुद्रपुर कोतवाली के एसआई सुधाकर जोशी का सिर फट गया जबकि एसपी सिटी देवेंद्र पींचा, कोतवाली रुद्रपुर के एसएसआई भुवन चंद्र जोशी, सिडकुल चौकी इंचार्ज केजी मठपाल, कांस्टेबल गणेश और कैलाश आर्या चोटिल हो गए। भीड़ ने सड़क पर खड़ी दो स्कूटियों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया।

स्पीड ब्रेक तोड़ा न गया होता को शायद बच जाती किशोर की जान

बताया जा रहा है कि जिस जगह पर हादसा हुआ, वहां स्पीड ब्रेकर बने थे लेकिन कुछ दिन पहले घटनास्थल के पास रहने वाले एक व्यक्ति ने दिक्कतों का हवाला देकर स्पीड ब्रेकर को तोड़ दिया था।
 
जनता का आक्रोश यही था कि अगर ब्रेकर होता तो ट्रक की स्पीड धीमी होती और बच्चे की जान न जाती। भीड़ के आक्रोश को देखते हुए पुलिसकर्मियों ने उक्त व्यक्ति को कहीं दूसरी जगह भेज दिया।
 
लाठीचार्ज के बाद भीड़ को हटा दिया गया और एहतियातन सिडकुल, ट्रांजिट कैंप, दिनेशपुर और गदरपुर थानों से पुलिस फोर्स, क्यूआरटी और दंगा नियंत्रण दल को तैनात किया गया है।

एसडीएम किच्छा विवेक प्रकाश, एसपी क्राइम प्रमोद कुमार और वन विकास निगम के अध्यक्ष सुरेश परिहार ने भी वहां पहुंचकर मामले की जानकारी ली। एसपी सिटी देवेंद्र पींचा ने बताया कि फिलहाल मामला शांत है और गांव में पुलिस फोर्स तैनात की गई है। घायल दरोगा का उपचार कराया जा रहा है।  
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ट्रक को हटाने को मंगानी पड़ी क्रेन

छतरपुर में किशोर को कुचलने वाले ट्रक में गुस्साई भीड़ ने तोड़फोड़ की थी। लोगों ने ट्रक से रेता गिराने के साथ ही ट्रक का प्रेशर पाइप भी निकाल दिया गया था। इसी वजह से ट्रक को हटाने में दिक्कतें आई और पुलिस को ट्रक हटाने के लिए क्रेन मंगानी। अंदेशा था कि कहीं रात में आवेश में आकर लोग ट्रक में आगजनी न कर दें।  

छतरपुर से सिडकुल तक सड़क किनारे खड़े ट्रक हटाए
छतरपुर में ट्रक की चपेट में आकर किशोर की मौत के बाद पुलिस ने तत्काल छतरपुर, दिनेशपुर और सिडकुल के पास खड़े होने वाले ट्रकों को वहां से हटवाकर जगह खाली करा दी जिससे आक्रोशित भीड़ ट्रकों में तोड़फोड़ न कर सके। सिडकुल और दिनेशपुर क्षेत्र में स्थित फैक्ट्रियों के सैकड़ों ट्रक रात में सड़क किनारे खड़े किए जाते हैं, जिससे सड़कें संकरी हो जाने के कारण हादसों की अधिक संभावना रहती है। 
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