ज्वालापुर कोतवाली क्षेत्र के शंकर आश्रम के पास मोरातारा ज्वैलर्स के यहां डकैती डालने के बाद बदमाश हाईवे से न जाकर शहर के अंदर तीन प्रमुख चौराहों से गुजरे। इससे बदमाशों के दुस्साहस का पता चलता है। खास बात यह है कि इन चौराहों पर हर समय पुलिस पिकेट तैनात होती है। इसके बाद बदमाशों ने सबसे बड़ा दुस्साहस नगर कोतवाली के सामने अपनी बाइक छोड़कर पैदल ही निकलकर किया। नगर कोतवाली के बाहर अपर रोड पर पिकेट बनाई गई है जिस पर हर समय पुलिसकर्मी तैनात रहते हैं।
बृहस्पतिवार को दिनदहाड़े हथियारबंद बदमाशों ने आभूषण के शोरूम में डकैती डाली थी। बदमाशों ने स्टाफ गार्ड, शोरूम के मालिक व उसकी पत्नी को बंधक बनाकर 25 मिनट तक सामान को अपने बैगों में भरा था। डकैती डालने के बाद बदमाशों ने पुलिस को भटकाने के लिए अलग-अलग रास्तों का इस्तेमाल किया। पुलिस के अनुसार चार बदमाश दो बाइकों पर शहर के चार प्रमुख चौराहों से निकले। इसके बाद बदमाशों ने नगर कोतवाली के बाहर अपनी बाइक छोड़ी और फिर कपड़े बदलकर यात्रियों की भीड़ में गुम हो गए।
आमतौर से माना जाता है कि बदमाश घटना को अंजाम देने के बाद सुरक्षित रास्तों की तरफ निकलते हैं। यह पहली घटना है जब बदमाश अलग-अलग दिशाओं में गए हैं। इसके साथ ही बदमाशों ने पुलिस से खुद को बचाने के लिए भीड़ को अपने छिपने का स्थान बनाया। इसके साथ यह भी अंदाजा लगाया जा रहा है कि बदमाश पूरी तरह से शहर के हर रास्ते से वाकिफ थे।
चोरी की बाइकों के हुआ इस्तेमाल
डकैती डालने के लिए बदमाशों ने चोरी की बाइकों का इस्तेमाल किया है। शुक्रवार की सुबह नगर कोतवाली के पास मिली बाइक पर हरिद्वार का नंबर मिला था। यह नंबर फर्जी निकला। वहीं चेसिस नंबर से बाइक के बारे में पता किया गया तो वह दिल्ली की निकाली। हरिद्वार पुलिस ने जब दिल्ली पुलिस से संपर्क किया तो पता चला कि इस नंबर बाइक चोरी हुई है। डकैती डालने के बाद बदमाश अलग-अलग रास्तों से गए हैं। दो बदमाश मोती बाजार में जाकर यात्रियों की भीड़ में गुम हो गए। जबकि दो बदमाश चंडीघाट पुल की तरफ जाते हुए सीसीटीवी में कैद हुए हैं। वहीं दो बदमाश रुड़की हाईवे की तरफ निकल गए। हर गुट के एक बदमाश के पास बैग दिखाई दे रहा है।
रेकी करने के बाद तो नहीं दिया घटना को अंजाम
डकैती की घटना करने के बाद बदमाश इत्मीनान के साथ फरार हुए हैं। इससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि बदमाशों ने पहले रेकी की होगी। पुलिस की सर्विलांस टीम डकैती के बाद से ही मोबाइल डाटा की जांच में जुटी है। वहीं सीसीटीवी टीम के साथ ही पुलिस स्थानीय बदमाशों से भी पूछताछ में जुटी है।