देहरादून में दो दिन के भीतर हुए चार अलग-अलग हादसों में चूड़ी व्यवसायी, सेवानिवृत्त फौजी, एक महिला और एक युवक की मौत हो गई।
हेलमेट नहीं पहना था स्कूटर सवार व्यवसायी
पुलिस के अनुसार कार की चपेट में आए स्कूटर सवार व्यवसायी ने हेलमेट नहीं पहना था। सिर में लगी चोट ही उनकी मौत का कारण बनी। पलटन बाजार में चूड़ी का कारोबार करने वाले कमल कुमार मित्तल 24 जनवरी को देर रात स्कूटर पर जीएमएस रोड से गुजर रहे थे।
इसी बीच तेजी से आ रही इंडिका कार ने उन्हें टक्कर मार दी थी। गंभीर रूप से घायल मित्तल को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी मौत हो गई। पुलिस के अनुसार उन्होंने हेलमेट नहीं पहना था, जिससे उनके सिर में गंभीर चोट आई थी।
पुलिस ने कार चालक सुभाष निवासी धरासू उत्तरकाशी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। दूसरा हादसा रायपुर रोड पर 24 जनवरी की रात ही हुआ। तुनवाला निवासी सेवानिवृत्त फौजी राजेंद्र सिंह कंडारी स्कूटी पर रायपुर रोड से होते हुए घर लौट रहे थे।
रास्ते में एक बाइक ने स्कूटी को टक्कर मार दी। राजेंद्र सड़क पर जा गिरे। उन्होंने हेलमेट पहना था, लेकिन गर्दन में गहरी चोर्ट आई। कंडारी को मैक्स अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां मंगलवार रात उन्होंने दम तोड़ दिया। उधर, सोमवार शाम डील कर्मचारी अनिल कुमार इनकी पत्नी रेखा संग बाइक पर घूमने निकले थे।
दोनों रिंग रोड पर सड़क किनारे खड़े थे। इसी बीच एक तेजरफ्तार आई-20 कार ने उन्हें टक्कर मार दी। कार चालक भाग निकला। अनिल को चोट नहीं आई, लेकिन रेखा बुरी तरह जख्मी हो गईं। उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया, जहां मंगलवार रात उनकी मौत हो गई।
गर्दन की हड्डी टूटने से मौत
चौथा हादसा सोमवार शाम को राजपुर रोड पर हुआ। टिहरी के बिच्छू गांव निवासी अरविंद सिंह (22) शहर में आईटी पार्क में काल सेंटर में काम करता था। मंगलवार शाम को वह बाइक पर सवार होकर राजपुर स्थित अपने कमरे पर जा रहा था।
राजपुर रोड पर संतुलन बिगड़ने के कारण उसकी बाइक फिसल गई। डिवाइडर से सिर टकरा जाने के कारण अरविंद की मौके पर ही मौत हो गई।
एसओ राजपुर राजेश शाह का कहना है कि युवक ने हेलमेट पहना था, लेकिन गर्दन की हड्डी टूटने से उसकी मौत हो गई। परिजनों के आग्रह पर पुलिस ने बिना पोस्टमार्टम शव उन्हें सौंप दिया।