फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Uttarakhand: नई बिजली दरों के प्रस्ताव का किसानों ने किया विरोध, बंद हो जाएंगे पॉलीहाउस, मशरूम उत्पादन

Sat, 28 Feb 2026 11:13 AM IST
Renu Saklani अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून

सार

आरटीएस 4 श्रेणी के उपभोक्ताओं ने नियामक आयोग से राहत मांगी। कहा कि पॉलीहाउस व मशरूम उत्पादन का काम अब खतरे में है।

विज्ञापन
नई बिजली दरों के प्रस्ताव पर विरोध - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

प्रदेश में पॉली हाउस लगाने वाले और मशरूम उत्पादन करने वाले किसान नई बिजली दरों के प्रस्ताव पर विरोध जताने पहुंचे। उनका कहना था कि पिछले साल के टैरिफ में लगाए गए फिक्स चार्ज और दरों की वजह से तेजी से उनका काम बंदी के कगार पर पहुंच रहा है।

विज्ञापन


लघु उद्योग भारती के प्रतिनिधि मनमोहन भारद्वाज ने कहा कि कृषि सहायक सेवाओं के तहत प्रदेश में 85 प्रतिशत से अधिक पॉलीहाउस बंद हो चुके हैं। जब बिजली सस्ती थी तो बढ़ रहे थे लेकिन अब आरटीएस-4 श्रेणी लागू होने के बाद तेजी से घट रहे हैं। उस पर भी पांच से छह घंटे का पावर कट किया जा रहा है।

मशरूम उत्पादक अमित शर्मा ने कहा कि फिक्स चार्ज गलत तरीके से लागू किया गया। सालभर लोड नहीं होता। सर्दियों में तापमान कम होने के चलते उन्हें ज्यादा बिजली की जरूरत नहीं होती। लिहाजा, फिक्स चार्ज को हटाया जाए। कहा कि पूरा कच्चा माल बाहर से आता है। ऐसे में अगर बिजली इतनी महंगी होगी तो उनकी कमाई पूरी तरह से खत्म हो जाएगी।
विज्ञापन

 

विज्ञापन

उपभोक्ताओं के हित में ही फैसला लिया जाएगा

वहीं, राहुल देव ने एमएसएमई सेक्टर को सीजनल करार देते हुए फिक्स चार्ज से राहत की मांग की। कई उपभोक्ताओं ने फूड प्रॉसेसिंग, हॉस्पिटैलिटी सेक्टर को भी अलग से सीजनल श्रेणी में शामिल करने की मांग की। जनसुनवाई के अंत में सदस्य तकनीकी प्रभात किशोर डिमरी ने कहा कि आयोग ने सभी का पक्ष सुन लिया है। उपभोक्ताओं के हित में ही फैसला लिया जाएगा।

ये भी पढे़ं...Uttarakhand: कांग्रेस में कार्यकर्ताओं की सिपाही नहीं कमांडर बनने की चाह, पीसीसी में पद के लिए लंबी सूची

सरकार कर ले म्हारे से बात, एक रुपए से उप्पर न दे सकें किसान

जनसुनवाई में हरिद्वार, रुड़की व आसपास के क्षेत्रों से भारतीय किसान यूनियन(टिकैत) के प्रतिनिधियों ने बिजली दर बढ़ोतरी के प्रस्ताव पर विरोध जताया। यूनियन के संजय चौधरी ने कहा कि सरकार म्हारे से बात कर ले...हम एक रुपये से उप्पर न दे सकें। म्हारी भावनाओं को भी समझो। अन्न, ऑक्सीजन से लेकर सस्ता मीठा हम दैवें, म्हारे से ही लूट मचाई जा री। स्मार्ट मीटर भी म्हारे गांव में लगन नी देनेके।

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें