नीट के पेपर देकर रेसकोर्स स्थित परीक्षा सेंटर से निकलते परीक्षार्थी। संवाद
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इस साल हुई राष्ट्रीय पात्रता एवं प्रवेश परीक्षा (एनईईटी-नीट) में फिजिक्स-केमिस्ट्री के कठिन सवालों ने जहां परीक्षार्थियों को परेशान किया। वहीं बायोलॉजी में सवाल आसान बताए जा रहे हैं।
रविवार को शहर के विभिन्न केंद्रों पर नीट की परीक्षा हुई। जिसमें हजारों परीक्षार्थियों ने हिस्सा लिया। परीक्षा केंद्र पर प्रवेश करने से पहले अभ्यर्थियों को तमाम सख्ती से होकर गुजरना पड़ा। कोविड गाइडलाइन का पालन करने और नकल रोकने के उद्देश्य से परीक्षा कराने वाली एजेंसी की ओर से तमाम बंदोबस्त किए गए थे। परीक्षार्थी गर्वित सती, विपुल पाल, मिनाक्षी नेगी ने बताया कि इस वर्ष का प्रश्न-पत्र एनसीईआरटी से पूछा गया। भौतिकी का प्रश्न-पत्र पिछले वर्ष की तुलना में कठिन था। कुछ प्रश्न औसत से ऊपर के रहे। अधिकतर प्रश्न मैकेनिक्स और ऑप्टिक्स से थे। रसायन शास्त्र के सारे प्रश्न पिछले वर्ष की तुलना में कठिन रहे। बायोलॉजी के सारे प्रश्न पिछले वर्ष की तुलना में आसान स्तर के रहे। 11वीं एवं 12वीं कक्षा से बराबर प्रश्न पूछे गए थे। परीक्षा के जानकारों के अनुसार ऑल इंडिया में चयन के लिए कट-ऑफ सामान्य वर्ग के लिए 75 से 85 प्रतिशत, ओबीसी वर्ग के लिए 72 से 82 प्रतिशत तथा एससी के लिए 55 प्रतिशत, एसटी के लिए 45 से 55 प्रतिशत और पीएच के लिए 35 से 45 प्रतिशत रहने की संभावना है।
केंद्रों के बाहर लगा जाम
सुबह प्रवेश के वक्त 11 बजे से दोपहर एक बजे तक और फिर शाम को पांच बजे से लगभग सात बजे तक कई परीक्षा केंद्रों के बाहर जाम की स्थिति रही। रेसकोर्स, राजा रोड, डिफेंस कॉलोनी और अन्य स्थानों पर बनाए गए केंद्रों पर भी जाम की स्थिति नजर आई। केंद्रों के बाहर अभिभावकों और उनके वाहनों की भीड़ के चलते भी जाम नजर आया। पुलिस की पर्याप्त व्यवस्था न होने से यातायात प्रभावित हुआ।
तापमान अधिक होने पर आइसोलेशन कक्ष में बैठाया
जिस किसी अभ्यर्थी का तापमान ज्यादा था उनमें कोरोना जैसे लक्षण पाए गए तो उनके लिए सभी परीक्षा केंद्रों पर आइसोलेशन कक्ष की व्यवस्था की गई थी। सभी अभ्यर्थियों को केंद्र से मास्क देने, हाथ सैनिटाइज करने और तापमान की जांच करने के बाद ही केंद्र में प्रवेश करने दिया गया।