फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लाडली से दरिंदगी पर लगातार दूसरे दिन सदन में हंगामा

Thu, 27 Nov 2014 08:52 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
विज्ञापन
हल्द्वानी में सात बरस की मासूम 'लाडली' की हत्या और दुष्कर्म पर कोई गिरफ्तारी नहीं होने के विरोध में विपक्ष ने सदन नहीं चलने दिया। प्रश्नकाल शुरू होते ही नेता प्रतिपक्ष ने मामले में नियम 310 में चर्चा की मांग रखी।
विज्ञापन


विधानसभा अध्यक्ष और नेता सदन के आश्वासनों पर विपक्ष नहीं माना, जिसके बाद प्रश्नकाल स्थगित कर दिया। शून्यकाल में दोबारा विपक्ष ने वेल में उतर कर विरोध प्रदर्शन जारी रखा, लेकिन सरकार ने हंगामे के बीच कामकाज निपटा लिया।

सदन अनिश्चितकाल के लिए स्थगित होने की घोषणा के बाद विपक्ष के सदस्य सदन के बाहर धरने पर बैठ गए।

सुबह 11 बजे प्रश्नकाल शुरू होते ही विपक्ष के 310 में चर्चा की मांग पर नेता सदन हरीश रावत ने आश्वासन देने की कोशिश की। सीएम ने कहा कि उन्होंने बच्ची के अभिभावकों से बात की है।
विज्ञापन


उनके गृहजनपद में एक शिक्षण संस्थान का नाम बच्ची के नाम पर किया जाएगा। जहां बच्ची का अंतिम संस्कार होगा वहीं पर उसका स्मृति स्थल बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि पुलिस आरोपियों की तलाश में लगी है। यह एक ब्लाइंड केस है इसमें कुछ समय लगेगा।
Trending Videos

विपक्ष के हंगामे के बीच पारित हुए विधेयक

इस पर नेता प्रतिपक्ष अजय भट्ट सहित समूचा विपक्ष बिफर गया। भट्ट ने नेता सदन से पूछा कि बच्ची के अभिभावक 10 लाख रुपये की मदद लौटा रहे हैं। वह मोर्चरी से उसका शव नहीं उठाने को तैयार हैं लेकिन सरकार मसले पर 310 में चर्चा को तैयार नहीं हो रही है।

विपक्ष के वेल में उतरने के बाद 11.07 बजे अध्यक्ष गोविंद सिंह कुंजवाल ने सदन को 12.20 बजे शून्य काल तक के लिए स्थगित किया। शून्यकाल शुरू होते ही विपक्ष वेल में उतर आया, लेकिन हंगामे के बीच सरकार ने अपना सारा कामकाज निपटा दिया।

पीठ पर विपक्ष विरोध स्वरूप कागज फेंकता रहा, लेकिन दो माइक लेकर स्पीकर और संसदीय कार्यमंत्री इंदिरा हृदयेश ने आधा दर्जन विधेयक पारित कर दिए। अध्यक्ष के सदन को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया जिसके बाद विपक्ष सदन के बाहर आधे घंटे तक धरने पर बैठ कर अपना विरोध जताता रहा।
विज्ञापन

नियम 310 में चर्चा पर दिया जोर

शेरवुड कॉलेज में नेपाल के एक छात्र की मौत पर सार्क सम्मेलन में सवाल उठने पर सदन में चर्चा की मांग की गई।
खनन माफिया ने रुड़की एक एएसपी पर गोली चलाने पर भी चर्चा की मांग की गई।
रामपुर में एक छात्र द्वारा आत्मदाह करने की मांग भी प्रमुख रही।
बाजपुर में पुलिस ने जिसकी शिकायत नहीं सुनी, बाद में उसकी लाश मिली। इस मसले को भी 310 में शामिल क‌िए जाने पर जोर दिया।
बुधवार को रुद्रप्रयाग में एक व्यक्ति की हत्या पर चर्चा की मांग।

यह है नियम 310
नियम 310 और 58 कार्य स्थगन प्रस्ताव है। जिसके तहत सदन की समस्त कार्यवाही को रोक कर चर्चा करवाई जाती है। नियम 310 के तहत जिस मुद्दे पर चर्चा होती है उस पर सदस्यों का मतदान करवाने का प्रावधान भी है, जिससे सरकार बचती है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें