जिलाधिकारी ने बताया कि ओमिक्रॉन से बचाव के लिए जिले में जागरूकता अभियान भी चलाए जाएंगे। सार्वजनिक स्थानों, कार्य स्थलों सार्वजनिक परिवहन में यात्रा करने वाले लोगों को अनिवार्य रूप से मास्क पहनने की हिदायत दी गई है।
जिन लोगों के पास 72 घंटे की आरटीपीसीआर रिपोर्ट होगी या जो कोरोना के दोनों टीके लगा चुके हैं, उनकी जांच नहीं की जा रही है। यानी कि इस बार मसूरी और देहरादून शहर आदि स्थानों पर आने वाले पर्यटकों पर भी कोरोना गाइडलाइन का पहरा रहेगा। इसके अलावा राज्य की सीमाओं, रेलवे स्टेशन और एयरपोर्ट पर चेकिंग की जा रही है।
जिलाधिकारी डॉ. आर राजेश कुमार ने बताया कि नए साल का कोई भी बड़ा आयोजन बिना अनुमति के नहीं किया जाएगा। इसके साथ ही नए साल के जश्न के अलावा किसी भी आयोजन में छह फीट की दूरी और मास्क है जरूरी का पालन सुनिश्चित करना होगा। सार्वजनिक स्थानों पर अनिवार्य रूप से मास्क पहनने, सामाजिक दूरी का पालन करने, सार्वजनिक स्थानों पर थूकने, गुटखा, तंबाकू इत्यादि का इस्तेमाल करने पर कानूनी कार्रवाई करने के आदेश दिए गए हैं।
इसके अलावा 65 वर्ष से अधिक आयु के लोगों, गर्भवती और स्तनपाल कराने वाली महिलाओं और दस वर्ष से कम आयु के बच्चों को घर से बाहर न निकलने की सलाह दी गई है। जिलाधिकारी ने जनपदवासियों और जिले में आने वाले पर्यटकों व अन्य लोगों से अपील की है कि कोरोना और इसके नए स्वरूप ओमिक्रॉन की रोकथाम के लिए कोरोना गाइडलाइन का पूरी तरह से पालन करें।