उत्तराखंड सरकार ने चारों धामों के लिए सुगम, सुरक्षित और वैकल्पिक सड़क मार्ग का खाका तैयार किया है। वैकल्पिक मार्ग से धामों की दूरी तो घटेगी ही, यह मार्ग यात्रियों को नए रोमांच का भी अहसास कराएगा। इसमें 14 सुरंगें और 12 पुल होंगे।
राज्य योजना आयोग की ओर से तैयार कराई गई परियोजना रपट में इस मार्ग के निर्माण के लिए देश के कई मशहूर सुरंग युक्त मार्गों के अध्ययन का जिक्र किया गया है। रपट में कैलीफोर्निया (अमेरिका) कीब्रॉडवे और ब्रिटेन कीमर्सी सुरंग के अध्ययन की भी बात कही गई है।
रपट में देश के कई काफी कम घनत्व वाले स्थानों में सुरक्षित सुरंग बनाने का हवाला दिया गया है। इनकी तकनीक का भी इस्तेमाल इस प्रस्तावित मार्ग पर किया जाएगा।
प्रस्तावित मार्ग में यमुनोत्री से गंगोत्री के बीच तीन सुरंगें (कुल लंबाई 21.5 किलोमीटर), गंगोत्री से केदारनाथ के बीच चार सुरंगें (कुल लंबाई 32.5 किलोमीटर) और केदारनाथ से बदरीनाथ के बीच सात सुरंगें (कुल लंबाई 45.6 किलोमीटर) होगी। इन सुरंगों का डिजाइन इस तरह होगा कि वाहन 80 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से दौड़ सकें। इसी तरह यमुनोत्री से गंगोत्री मार्ग पर तीन पुल होंगे। गंगोत्री से केदारनाथ मार्ग पर भी तीन पुल बनने हैं। जबकि केदारनाथ से बदरीनाथ के बीच छह पुल बनेंगे।