भाजपा के प्रधानमंत्री प्रत्याशी नरेंद्र मोदी इंटरनेट पर सबसे ज्यादा सक्रिय दिखने वाले नेताओं में से एक हैं। वर्चुअल वर्ल्ड में बीजेपी के मुकाबले कांग्रेस काफी कमजोर है।
हर गतिविधि पर नजर
मोदी चुनाव प्रचार में इसका बखूबी इस्तेमाल भी कर रहे है, जिसका नतीजा है कि युवा वर्ग उनके ट्वीट से लेकर इंटरनेट पर मोदी से संबंधित हर गतिविधि पर नजर रखता है। युवा वोटरों में मोदी के प्रति आकर्षण के साथ दिलचस्पी बढ़ी है।
चार राज्यों के विधानसभा चुनाव में कामयाबी के बाद भाजपा नेता नरेंद्र मोदी 15 दिसंबर को पहली बार देहरादून के सार्वजनिक मंच से संबोधन करेंगे।
इंटरनेट पर मोदी की टीम रैली से पहले सस्पेंस की स्थिति बनाए हुए है कि आखिर वह रैली में किस मुद्दे पर कांग्रेस को घेरेंगे। ट्विटर पर उनके फॉलोअर लगातार नजर बनाए हुए हैं।
अलग से एक आईटी प्रकोष्ठ
युवा मानते हैं कि इंटरनेट के जरिए मोदी अपने विरोधियों पर हमला करते है और इसी की मदद से वो विरोधियों को जवाब देते रहे हैं।
मोदी का अलग से एक आईटी प्रकोष्ठ है जो इस काम में चौबीस घंटे सक्रिय रहता है। मोदी की रैलियों से पहले उसको लेकर इंटरनेट में छा जाने की उनकी कोशिश करते हैं।
कांग्रेस इसमें काफी कमजोर
यह तरीका भीड़ जुटाने में कामयाब हो रहा है, जबकि कांग्रेस इसमें काफी कमजोर है। इंटरनेट और सोशल मीडिया पर अपनी सीमित उपस्थिति की वजह से कांग्रेस मोदी के मुकाबले कमजोर पड़ती नजर आ रही है। देहरादून में मोदी की रैली का लाइव दिखाने के लिए जोरदार व्यवस्था है।
बीजीपी आईटी प्रकोष्ठ के प्रभारी राजीव तलवार ने बताया कि नरेंद्र मोदी रैली को लेकर साइबर वर्ल्ड में तेजी से प्रचार प्रसार किया जा रहा है।
फेसबुक पर विशेष पेज है जिसको लगातार हिट्स मिल रही हैं। मोदी के भाषण की आनलाइन स्क्रीनिंग के लिए हमने व्यवस्था कर रखी है, जिसे 47 देशों में एक साथ प्रसारित किया जाएगा।