फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

उत्तराखंड: तालमेल के अभाव ने अटकाया ‘वात्सल्य’, नाराज राज्यमंत्री ने मुख्य सचिव को लिखा पत्र 

Tue, 08 Jun 2021 10:58 AM IST
अलका त्यागी बिशन सिंह बोरा, अमर उजाला, देहरादून

सार

उत्तराखंड में कोरोना महामारी ने जिन बच्चों से उनके माता-पिता को छीन लिया है। अमर उजाला ने उनकी पहचान के लिए यह अभियान शुरू किया है। 
विज्ञापन
रेखा आर्य - फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

उत्तराखंड में कोविड की वजह से कई बच्चों ने माता-पिता अथवा कमाऊ परिजनों को खो दिया है। सरकार की मंशा इन बच्चों की मदद करने की है। इस मसले पर विभिन्न छह विभागों के बीच तालमेल के अभाव के चलते मुख्यमंत्री की वात्सल्य योजना की घोषणा के 16 दिन बाद भी इसे मंजूरी नहीं मिल पाई है। महिला सशक्तीकरण एवं बाल विकास राज्यमंत्री रेखा आर्य ने इस पर नाराजगी जताते हुए मुख्य सचिव को पत्र लिखकर विभागों से सहयोग के लिए कहा है।

विज्ञापन


मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत ने कोविड की वजह से माता पिता को खो चुके बच्चों की मदद के लिए 22 मई को वात्सल्य योजना की घोषणा की थी, लेकिन सिस्टम की खामी के चलते शुरुआत में शासन-प्रशासन को इस तरह के बच्चे नहीं मिल पा रहे थे। वही अब विभागीय तालमेल की कमी की वजह से योजना की मंजूरी में देरी हो रही है। महिला सशक्तीकरण एवं बाल विकास राज्यमंत्री रेखा आर्य के मुताबिक उनके विभाग की ओर से योजना का ड्राफ्ट तैयार कर लिया गया है। 

अमर उजाला ने शुरू किया अपनत्व अभियान 
कोविड की दूसरी लहर ने कई परिवारों को हाशिए पर लाकर खड़ा कर दिया है। बच्चों के भरण पोषण के साथ ही उनके भविष्य पर संकट गहरा गया है। अमर उजाला ने ऐसे बच्चों की जानकारी सरकार तक पहुंचाने के लिए अपनत्व अभियान शुरू किया है। इस अभियान के शुरू किए जाने के बाद इस तरह के बच्चों के मामले तेजी से सामने आए हैं। ऐसे बच्चों के बारे में जानकारी हो तो हमें 7617566171 पर व्हाट्सअप के जरिए या ddn-cityreporter@amarujala.com पर मेल करें। ऐसे बच्चों की पहचान उजागर नहीं की जाएगी। इनका ब्योरा संबंधित विभाग को भेजा जाएगा।
विज्ञापन


बच्चों को अब तक योजना का लाभ मिलना चाहिए था, लेकिन ऐसा नहीं हो पाया है। इस योजना को शुरू करने में जितनी देरी होगी अनाथ हो चुके बच्चों के हित उतने ही प्रभावित होंगे। मुख्य सचिव को कहा है कि योजना शीघ्र लागू की जा सके इसके लिए प्राथमिकता के आधार पर कार्यवाही की जाए।
विज्ञापन

-रेखा आर्य, महिला सशक्तीकरण एवं बाल विकास राज्यमंत्री

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें