उत्तराखंड में बहुजन समाज पार्टी के पुराने गढ़ भगवानपुर में फिर से पार्टी को खड़ा करने की कोशिश हो रही है। यहां आज ‘हाथ’ छोड़कर कई नेता ‘हाथी’ पर सवार होंगे। सुरेंद्र राकेश परिवार के कांग्रेस में जाने के बाद से बसपा यहां पर खोई हुई जमीन तलाश रही है।
दो बार जीती है बसपा
हरिद्वार जिले का भगवानपुर विधानसभा क्षेत्र बसपा का गढ़ माना जाता रहा है। यहां से बसपा के टिकट पर सुरेंद्र राकेश दो बार विधानसभा पहुंचे। वर्ष 2012 के विधानसभा चुनाव के बाद समीकरण ऐसे बने कि बसपा सरकार में शामिल हो गई और सुरेंद्र राकेश कैबिनेट मंत्री बन गए।
बाद में सुरेंद्र राकेश पर पार्टी के कार्यक्रमों में नहीं जाने जैसे आरोप लगे और बसपा ने उन्हें निलंबित कर दिया। इसी बीच सुरेंद्र राकेश की मृत्यु हो गई और उनकी पत्नी ममता राकेश कांग्रेस के टिकट से विधानसभा पहुंचीं। उपचुनाव में बसपा ने ममता राकेश के सामने प्रत्याशी नहीं उतारा था।
कई स्थानीय नेता जाएंगे बसपा में
अब बसपा ने भगवानपुर में उपचुनाव के दौरान कांग्रेस से किनारा करने वाले कई स्थानीय नेताओं को अपने पाले में कर लिया है। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सतीश कुमार तो दावा करते हैं कि कांग्रेस के साथ ही भाजपा के भी कई नेता बसपा में शामिल होने जा रहे हैं।
आज भगवानुपर में बसपा की सभा है। जिसमें पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव एवं प्रदेश प्रभारी नसीमुद्दीन सिद्दिकी और यूपी के एमएलसी प्रदीप कुमार भी मौजूद रहेंगे। सतीश ने बताया कि इस सभा में कांग्रेस-भाजपा के कई नेता बसपा का दामन थामेंगे।