कांवड़ यात्रा स्थगित होने के बाद भी बाहरी राज्यों से लोग हरिद्वार के लिए रवाना हो रहे हैं। नारसन, झबरेड़ा, खानपुर बॉर्डर पर इन लोगों को पुलिस समझाकर लौटा रही है। हालांकि, सोमवार को नारसन बॉर्डर पर रविवार की अपेक्षा यात्रियों की संख्या कम रही। पुलिस ने 640 से अधिक वाहनों को लौटा दिया। वहीं, नारसन बॉर्डर पर स्थित संयुक्त जांच चौकी पर 7300 यात्रियों का रजिस्ट्रेशन, 1140 लोगों की कोविड जांच हुई।
तीन हजार लोग आरटीपीसीआर रिपोर्ट लेकर आए। झबरेड़ा क्षेत्र में बीरपुर और गोकुलपुर बॉर्डर पर पुलिस ने सघन चेकिंग की। थानाध्यक्ष रविंद्र कुमार ने बताया कि दोनों बॉर्डर से 84 वाहनों को लौटाया गया। 25 वाहन चालकों का चालान किया गया है। उधर, खानपुर थानाध्यक्ष अभिनव शर्मा ने बताया कि क्षेत्र के बॉर्डर पर लगातार चेकिंग कर वाहनों को लौटाया जा रहा है। लोगों को बॉर्डर पर ही गंगाजल मुहैया कराया जा रहा है।
390 यात्रियों को स्टेशन से वापस भेजा
कांवड़ मेला प्रतिबंधित होने के बाद रेलवे स्टेशन पर 24 घंटे सख्ती बरती जा रही है। गंगा जल लेने के लिए आने वाले लोगों को शटल बसों व ट्रेनों से ही वापस भेजा जा रहा है। इसी क्रम में सोमवार को 390 यात्रियों को हरिद्वार रेलवे स्टेशन से पुलिस ने वापस भेजा। 260 यात्रियों को शटल बस से और 130 यात्रियों को ट्रेन से वापसी का टिकट कराकर वापस भेजा गया।
योगनगरी ऋषिकेश रेलवे स्टेशन पर 64 व्यक्तियों को बसों से व रुड़की स्टेशन से 24 यात्रियों को वापस किया गया। वहीं हरिद्वार रेलवे स्टेशन पर 160 यात्रियों, योगनगरी ऋषिकेश में 79, लक्सर में 25 व रुड़की में 45 यात्रियों के विरुद्ध महामारी एक्ट के तहत कार्रवाई की गई। वहीं बिना कोरोना जांच कराए हरिद्वार आने वाले 720 यात्रियों का रेलवे स्टेशन पर कोविड टेस्ट कराया गया।